बुरहानपुर में लगातार बारिश के बीच नहर का रास्ता बंद होने से भीलवाड़ी सहित आसपास के गांवों में जलभराव की स्थिति बन गई। खेतों में फसलें डूब गईं और कई घरों में पानी घुस गया। प्रशासन ने मौके का निरीक्षण कर तीन दिन में अवरोध हटाने के निर्देश दिए हैं।
बुरहानपुर में लगातार बारिश के बीच नहर का रास्ता बंद होने से भीलवाड़ी सहित आसपास के गांवों में जलभराव की स्थिति बन गई। खेतों में फसलें डूब गईं और कई घरों में पानी घुस गया। प्रशासन ने मौके का निरीक्षण कर तीन दिन में अवरोध हटाने के निर्देश दिए हैं।
बुरहानपुर के खकनार थाना क्षेत्र में लगातार बारिश के चलते देड़तलाई–बालापाट मार्ग पर सड़क के ऊपर से पानी बहने लगा है। इससे 8 से 10 गांवों का संपर्क प्रभावित हुआ है और राहगीरों व स्कूली बच्चों की सुरक्षा पर खतरा बढ़ गया है। ग्रामीणों ने स्थायी पुलिया निर्माण कर सुरक्षित आवागमन सुनिश्चित करने की मांग की है।
पन्ना जिला अस्पताल में भारी बारिश के बाद वार्डों में पानी भरने की स्थिति पर कलेक्टर ऊषा परमार ने सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। निरीक्षण के दौरान उन्होंने ड्रेनेज सिस्टम में सुधार के आदेश देते हुए जिम्मेदार अधिकारियों को 24 घंटे में समस्या का स्थायी समाधान करने का अल्टीमेटम दिया है।
खंडवा जिले में लगातार बारिश के कारण जनजीवन प्रभावित हुआ है। सुकता नदी के उफान से हापला गांव की पुलिया जलमग्न हो गई और संपर्क प्रभावित हुआ। तेज बहाव में किसान की दो भैंसें बह गईं। ग्रामीणों ने प्रशासन से पुलिया की ऊंचाई बढ़ाने और स्थायी समाधान की मांग की है।
बुरहानपुर में लगातार बारिश के कारण ताप्ती नदी का जलस्तर बढ़कर खतरे के निशान के करीब पहुंच गया है। प्रशासन ने नदी के घाटों पर पुलिस और होमगार्ड की तैनाती कर लोगों से नदी से सुरक्षित दूरी बनाए रखने और प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
सीहोर जिले के आष्टा क्षेत्र में रातभर हुई भारी बारिश के बाद नदी-नाले उफान पर हैं, जिससे कई गांवों का संपर्क टूट गया है। भंवरा और दुपाड़िया क्षेत्र में पुल-पुलियों पर तेज बहाव के कारण आवागमन बंद है। प्रशासन ने लोगों से जलमग्न मार्गों से दूर रहने की अपील की है।
बुरहानपुर में लगातार बारिश के बीच करीब 100 साल पुराना एक जर्जर मकान ढह गया। परिवार के सदस्य समय रहते बाहर निकल गए, जिससे बड़ा हादसा टल गया। घटना के बाद जर्जर भवनों को लेकर नगर निगम की कार्रवाई और तैयारियों पर सवाल उठने लगे हैं।
सीहोर के ढाकनी–मुगली मार्ग पर पापनास नदी के पुल पर बारिश के कारण जलभराव और तेज बहाव की स्थिति बनी हुई है। प्रशासन ने सुरक्षा के लिए पुलिस और कोटवार तैनात किए हैं तथा नागरिकों से सुरक्षित और वैकल्पिक मार्ग अपनाने की अपील की है।
दतिया में शुक्रवार सुबह हुई झमाझम बारिश से मौसम सुहावना हो गया और किसानों को राहत मिली। हालांकि जिले में अब तक केवल 126.2 मिमी वर्षा दर्ज हुई है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 433.4 मिमी कम है। मौसम विभाग को आने वाले दिनों में मानसून के और सक्रिय होने की उम्मीद है।
निवाड़ी में मंगलवार तड़के हुई झमाझम बारिश और ठंडी हवाओं से मौसम सुहावना हो गया। कई दिनों से जारी गर्मी और उमस से लोगों को राहत मिली, जबकि मौसम विभाग ने आगे भी हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई है।
बुरहानपुर जिले में लगातार हो रही भारी बारिश के बीच घाघरला-डालमहू पुल पर उफनते नाले का पानी बहने लगा। पुल के ऊपर से तेज बहाव के बावजूद ग्रामीण जान जोखिम में डालकर आवागमन करने को मजबूर हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि हर वर्ष बरसात में यही स्थिति बनती है, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं हो पाया।
बुरहानपुर में लगातार बारिश के कारण घाघरला-डालमहू पुल पर पानी ऊपर से बहने लगा, जिससे ग्रामीण जान जोखिम में डालकर पुल पार करने को मजबूर हैं। स्थानीय लोगों ने बताया कि यह समस्या हर वर्ष होती है और पुल की ऊंचाई बढ़ाकर नया पुल बनाना ही इसका स्थायी समाधान है। ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द कार्रवाई की मांग की है।
किसानों के सामने अब आर्थिक संकट गहरा गया है, क्योंकि उनकी पूरी मेहनत कुछ ही पलों में खराब हो गई।
तेज हवाओं के चलते कई स्थानों पर गेहूं की खड़ी फसल जमीन पर गिर गई। जिन किसानों की फसल कटाई के लिए तैयार थी, उन्हें बड़ा नुकसान हुआ है। जिसका सीधा असर किसानों की आय पर पड़ने वाला है।
करीब आधे घंटे बाद वर्षा और तेज हवा आंधी ने खेतों में खड़ी व पकी हुई फसलों को नुकसान पहुंचाया। जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई।