बुरहानपुर। जिले में लगातार हो रही बारिश के बीच नागझिरी वार्ड क्रमांक-15 स्थित बीबी की मस्जिद के सामने एक करीब 100 वर्ष पुराना जर्जर मकान अचानक भरभराकर ढह गया। राहत की बात यह रही कि मकान गिरने से कुछ ही देर पहले परिवार के सदस्य बाहर निकल आए, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।
मकान मालिक शेख चाशम के अनुसार, मकान काफी पुराना था और लगातार बारिश के कारण इसकी दीवारें कमजोर हो चुकी थीं। अचानक मकान गिरने के संकेत मिलते ही परिवार के लोग बाहर निकल गए। कुछ सेकंड की भी देरी होती तो गंभीर जनहानि हो सकती थी।
घटना के बाद आसपास के लोगों में भय का माहौल है। स्थानीय निवासी बानो बी ने बताया कि मकान लंबे समय से जर्जर स्थिति में था और लगातार बारिश के चलते आखिरकार पूरी तरह ढह गया। उन्होंने बताया कि परिवार के कुछ सदस्य इंदौर में रहते हैं और घटना के समय मौके पर मौजूद नहीं थे।

घटना के बाद जिला कलेक्टर हर्ष सिंह ने कहा कि शहर के सभी जर्जर भवनों की समीक्षा कर नगर निगम के माध्यम से आवश्यक कार्रवाई की जाएगी, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।
नगर निगम आयुक्त संदीप श्रीवास्तव ने बताया कि शहर में पहले से 84 जर्जर मकानों की पहचान की जा चुकी है और संबंधित मकान मालिकों को नोटिस जारी किए गए हैं। उन्होंने कहा कि नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जा रही है।
इस घटना के बाद नगर निगम की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि जर्जर भवनों की पहचान पहले ही हो चुकी थी, तो समय रहते आवश्यक कदम क्यों नहीं उठाए गए। नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि केवल नोटिस जारी करने तक सीमित न रहकर जोखिम वाले भवनों पर प्रभावी कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे से बचा जा सके।