पार्षद सदन में गंदा पानी बोतलों में भरकर बैठक में पहुंचे थे और सीधे नगर निगम कमिश्नर को थमाते हुए कहा यही पानी आप भी पीकर देखिए, जनता को तो यही पिलाया जा रहा है।
पार्षद सदन में गंदा पानी बोतलों में भरकर बैठक में पहुंचे थे और सीधे नगर निगम कमिश्नर को थमाते हुए कहा यही पानी आप भी पीकर देखिए, जनता को तो यही पिलाया जा रहा है।
प्रदर्शन के दौरान नेताओं ने दो मुख्य मुद्दे उठाए। ठेला व्यापारियों से कथित अवैध वसूली। गर्मी में उनकी रोज़ी-रोटी पर प्रशासनिक कार्रवाई का असर
कांग्रेस शहर अध्यक्ष का कहना था कि गेहूं उपार्जन की प्रक्रिया सुचारू रूप से शुरू नहीं हो पा रही है, जिससे किसान आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं। मजबूरी में किसान अपनी उपज कम दामों पर बेचने को विवश हैं और बैंक ऋण चुकाने में असमर्थ होने के कारण डिफॉल्टर होते जा रहे हैं।
काफी मशक्कत के बाद नेता प्रतिपक्ष और सीमित संख्या में रहवासियों को निगम परिसर के अंदर जाने दिया गया, जहां उन्होंने एकत्रित होकर अधिकारियों को मौके पर बुलाने की मांग रखी।
नगर निगम ने 14 नई पार्किंग बनाने की घोषणा की है, जिनमें से 5 पार्किंग मेट्रो स्टेशनों के नीचे विकसित की जाएंगी, ताकि यात्रियों को सुविधा मिल सके।
बजट को लेकर विपक्ष ने कहा कि महापौर ने जो बजट पेश किया है वो अपनी ढपली अपना राग जैसा है। विकास की बातें सिर्फ हवा में हो रही हैं। उन्होंने कहा कि बजट का अध्ययन कर संशोधन लाया जाएगा।
ग्वालियर 15 विधानसभा क्षेत्र के स्थानीय लोगों ने कहा कि सीवर के ओवरफ्लो और गंदे पानी की समस्या से लोगों का जीना दूभर हो गया है, इसके विरोध में पदयात्रा निकाली गई है।