खंडवाः नगर निगम द्वारा आयोजित बजट सत्र के दौरान बुधवार को उस समय माहौल गरमा गया जब नेता प्रतिपक्ष बड़ी संख्या में सूरजकुंड क्षेत्र से रेलवे जमीन से हटाए गए रहवासियों को लेकर नगर पालिका निगम पहुंचे।
नगर निगम गेट पर ही कोतवाली थाना प्रभारी एवं पुलिस बल ने प्रदर्शनकारियों को रोक लिया। थाना प्रभारी ने तर्क दिया कि निगम परिसर के अंदर बजट सत्र का सम्मेलन जारी है और इतनी बड़ी संख्या में लोगों को भीतर जाने की अनुमति नहीं दी जा सकती।
इस बात को लेकर नेता प्रतिपक्ष और पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक हुई। नेता प्रतिपक्ष अपने समर्थकों और रहवासियों के साथ अंदर जाने पर अड़े रहे और गेट पर ही जमकर नारेबाजी शुरू हो गई। कुछ समय के लिए स्थिति तनावपूर्ण बनी रही।
काफी मशक्कत के बाद नेता प्रतिपक्ष और सीमित संख्या में रहवासियों को निगम परिसर के अंदर जाने दिया गया, जहां उन्होंने एकत्रित होकर अधिकारियों को मौके पर बुलाने की मांग रखी।
करीब दो घंटे तक चले इस घटनाक्रम के दौरान कोई ठोस समाधान नहीं निकल सका। प्रदर्शनकारी पुनर्वास की मांग को लेकर अड़े रहे, वहीं प्रशासन की ओर से भी तत्काल कोई निर्णय नहीं लिया गया, जिससे मामला लंबे समय तक उलझा रहा।
खंडवा से संवाददाता नितिन झवर की रिपोर्ट