भोपाल। मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने राजधानी भोपाल में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर राज्य सरकार और केंद्र सरकार पर कई मुद्दों को लेकर निशाना साधा। उन्होंने प्रदेश के बढ़ते कर्ज, सरदार सरोवर बांध परियोजना, यूनिफॉर्म सिविल कोड (यूसीसी), दतिया उपचुनाव और मंदिरों से जुड़े मामलों पर सरकार से जवाब और पारदर्शिता की मांग की।
जीतू पटवारी ने आरोप लगाया कि मध्य प्रदेश पर वर्तमान में 5 लाख 61 हजार करोड़ रुपये का कर्ज हो चुका है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस लंबे समय से सरकार से कर्ज की वास्तविक स्थिति को लेकर श्वेत पत्र जारी करने की मांग कर रही है, लेकिन अब तक सरकार ने इस पर स्थिति स्पष्ट नहीं की है। उन्होंने आरोप लगाया कि जनता के पैसों का उपयोग सरकारी आयोजनों में किया जा रहा है और सरकार को प्रदेश की आर्थिक स्थिति को लेकर जनता के सामने जवाब रखना चाहिए।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने सरदार सरोवर बांध परियोजना को लेकर भी सरकार पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि डूब क्षेत्र, विस्थापन और 178 गांवों के पुनर्वास का सबसे अधिक प्रभाव मध्य प्रदेश ने झेला, लेकिन राज्य को उसका पूरा अधिकार नहीं मिला। पटवारी ने आरोप लगाया कि मध्य प्रदेश के हिस्से के करीब 7,500 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ, जबकि केवल 231 करोड़ रुपये मिलने की बात कही जा रही है। उन्होंने इस पूरे मामले पर सरकार से श्वेत पत्र जारी करने की मांग की।
यूनिफॉर्म सिविल कोड (यूसीसी) के मुद्दे पर पटवारी ने कहा कि यह केंद्र सरकार के अधिकार क्षेत्र का विषय है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार इसे केवल राजनीतिक मुद्दा बनाकर जनता का ध्यान भटकाने का प्रयास कर रही है।

दतिया विधानसभा उपचुनाव को लेकर जीतू पटवारी ने कहा कि कांग्रेस जल्द ही अपने उम्मीदवार के नाम की घोषणा करेगी। उन्होंने दावा किया कि पार्टी पूरी ताकत के साथ चुनाव मैदान में उतरेगी और उपचुनाव में जीत हासिल करेगी।
पटवारी ने मंदिरों में चंदे से जुड़े कथित मामलों को लेकर भी सरकार पर हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि धर्म की आड़ में भ्रष्टाचार और अनियमितताओं की घटनाएं सामने आ रही हैं और सरकार को इन मामलों में जवाब देना चाहिए।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कांग्रेस ने कर्ज और सरदार सरोवर परियोजना सहित अन्य मुद्दों पर सरकार से स्पष्ट जानकारी देने की मांग की। पार्टी ने कहा कि जनता से जुड़े मामलों में पारदर्शिता जरूरी है और सरकार को सभी सवालों का जवाब देना चाहिए।