पश्चिम बंगाल में चुनावी माहौल के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कई जनसभाओं को संबोधित करते हुए TMC सरकार पर तीखा हमला बोला। पूर्व मेदिनीपुर, आसनसोल और बीरभूम में आयोजित सभाओं में पीएम मोदी ने आरोप लगाया कि राज्य में सिंडिकेट राज, कट मनी और कमीशन की व्यवस्था ने विकास को बाधित कर दिया है। उन्होंने कहा कि उद्योग और फैक्ट्रियां भय के माहौल में नहीं, बल्कि भरोसे के आधार पर चलती हैं और यह भरोसा केवल भाजपा दे सकती है।
प्रधानमंत्री ने TMC पर वोट बैंक की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि धर्म के आधार पर आरक्षण देने की कोशिशें संविधान के खिलाफ हैं, जिन्हें अदालत बार-बार खारिज कर चुकी है। उन्होंने माहिष्य समुदाय का जिक्र करते हुए कहा कि उनकी मांगों को नजरअंदाज किया जा रहा है क्योंकि वे TMC के वोट बैंक का हिस्सा नहीं हैं। पीएम ने आश्वासन दिया कि भाजपा सरकार बनने पर सभी को उनका अधिकार संविधान के अनुसार मिलेगा।
आसनसोल में अपने संबोधन में उन्होंने केंद्र सरकार द्वारा क्षेत्र के विकास के लिए किए गए निवेश का उल्लेख किया, जिसमें औद्योगीकरण और स्टील प्लांट के विस्तार के लिए 45 हजार करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए जाने की बात कही। उन्होंने स्वास्थ्य सुविधाओं को प्राथमिकता बताते हुए कहा कि केंद्र सरकार विकास के लिए प्रतिबद्ध है।
महिलाओं की सुरक्षा को लेकर भी पीएम मोदी ने चिंता जताई और कहा कि राज्य में महिलाएं खुद को सुरक्षित महसूस नहीं कर रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि TMC सरकार ने सत्ता में बने रहने के लिए जनता पर अत्याचार किए हैं। साथ ही उन्होंने वामपंथी शासन के दौर का हवाला देते हुए कहा कि बंगाल की जनता पहले भी भय और आतंक को खत्म कर चुकी है और अब TMC को भी समाप्त करेगी।
बीरभूम में उन्होंने गुरुदेव Rabindranath Tagore का उल्लेख करते हुए कहा कि वे एक भयमुक्त समाज का सपना देखते थे, लेकिन वर्तमान शासन में यह सपना टूटता नजर आ रहा है। पीएम ने दावा किया कि आगामी चुनाव में बंगाल में परिवर्तन तय है और भाजपा विकास, सुरक्षा और भरोसे की राजनीति के साथ आगे बढ़ेगी।