Railway Innovation : भारतीय रेलवे ने आम यात्रियों की सुविधा बढ़ाने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। अब पैसेंजर ट्रेनों का सफर न केवल सुविधाजनक होगा, बल्कि समय पर भी पूरा होगा। रेलवे ने मालगाड़ियों के लिए डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (DFC) विकसित किया है, जो विशेष रूप से मालवाहन के लिए तैयार किया गया ट्रैक है। इस पहल से आम ट्रेनों के लिए मौजूदा ट्रैक खाली हो रहे हैं, जिससे संचालन में तेजी और समयबद्धता आ रही है।
उत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी हिमांशु शेखर उपाध्याय के अनुसार, लगभग 60 प्रतिशत मालगाड़ियाँ पहले ही DFC पर स्थानांतरित कर दी गई हैं, और शेष भी जल्द शिफ्ट कर दी जाएंगी। इसके चलते यात्री ट्रेनों के लिए बेहतर स्लॉट उपलब्ध हो रहे हैं। रेलवे अधिक पैसेंजर ट्रेनें शुरू कर सकेगा और पहले से चल रही ट्रेनों की टाइमिंग में सुधार होगा।
यात्रियों को कई प्रकार के लाभ मिलेंगे-जैसे ट्रेनों का विलंब कम होगा क्योंकि अब उन्हें मालगाड़ियों के गुजरने के लिए नहीं रुकना पड़ेगा। इससे लंबी दूरी की ट्रेनों को भी प्राथमिकता मिल सकेगी।
रेलवे सूत्रों का कहना है कि भविष्य में मालगाड़ियों के लिए और भी विशेष ट्रैक बनाए जा रहे हैं, जिससे पैसेंजर ट्रेनों को बिना किसी बाधा के चलाया जा सकेगा। इसका सीधा असर स्टेशनों पर ट्रेनों की समयबद्धता पर पड़ेगा और यात्रियों की यात्रा अधिक सुविधाजनक व भरोसेमंद बनेगी।
यह रणनीति भारतीय रेलवे को अधिक दक्ष, भरोसेमंद और आधुनिक परिवहन सेवा के रूप में स्थापित करने में सहायक सिद्ध हो रही है। DFC पहल से “समय पर ट्रेन” का सपना अब सच होता दिख रहा है।