भोपाल में मध्य प्रदेश सरकार के खिलाफ संत समाज ने गौमाता और संतों की सुरक्षा को लेकर नाराजगी व्यक्त की है। अखिल भारतीय वैष्णव अखाड़ा परिषद और राष्ट्रीय संत सुरक्षा समिति के नेतृत्व में आचार्य देवमुरारी बापू ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से संत प्रतिनिधिमंडल की मुलाकात के लिए समय दिए जाने की मांग की है।
संत समाज का कहना है कि इससे पहले भी कई बार मुख्यमंत्री कार्यालय को मुलाकात के लिए आवेदन भेजे गए थे, लेकिन अब तक कोई समय निर्धारित नहीं किया गया है। इसको लेकर संत समाज में असंतोष की स्थिति बनती जा रही है।
संत समाज ने चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि एक सप्ताह के भीतर सरकार की ओर से वार्ता के लिए समय नहीं दिया गया, तो अगले महीने हजारों संत मुख्यमंत्री निवास का घेराव करेंगे। साथ ही प्रदेशभर में गौमाता और संत सुरक्षा को लेकर बड़ा आंदोलन शुरू किया जाएगा।

संत समाज ने यह भी संकेत दिए हैं कि वार्ता न होने की स्थिति में पूरे प्रदेश में व्यापक स्तर पर गौ सुरक्षा और संत संरक्षण को लेकर अभियान चलाया जाएगा। उनका कहना है कि यह मुद्दा धार्मिक और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ा हुआ है, इसलिए इसे गंभीरता से लिया जाना चाहिए।
संत प्रतिनिधियों का कहना है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से सरकार से संवाद करना चाहते हैं और अपनी मांगों को रखना चाहते हैं। लेकिन यदि समय नहीं दिया गया तो आंदोलन का रास्ता अपनाना मजबूरी होगी।