नई दिल्ली : टोक्यो ओलंपिक खेल के तकरीबन 12 दिन हो चुके है, लेकिन भारत अभी तक मात्र दो ही पदक हासिल कर सका है। जिससे भारत 63वें स्थान पर काबिज है। आपको बता दें कि सबसे पहला पदक वेटलिफ्टर मीराबई चानू ने जबकि दूसरा बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधू ने जीता है। मीराबाई चानू ने वेटलिफ्टिंग में जहां सिल्वर का पदक हासिल किया, वहीं पीवी सिंधू को ब्रॉन्ज से संतोष करना पड़ा।
वहीं कई अन्य खेलों में बड़े खिलाड़ियों से निराशा हाथ लगी है। हालांकि इन सबके बावजूद देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खिलाड़ियों की हौसलाफजाई में पूरी तरह से लगे हुए हैं। फिलहाल कई खिलाड़ियों के मुकाबले अभी होने बाकी हैं और देश को अभी भी कई पदक की उम्मीद है।
On 15th August, Prime Minister Narendra Modi will invite the entire Indian Olympics contingent to the Red Fort as special guests. He will also personally meet and interact with all of them around that time.#Olympics pic.twitter.com/Sw0rbENdVb
— ANI (@ANI) August 3, 2021
उधर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 15 अगस्त को पूरे भारतीय ओलंपिक दल को विशेष अतिथि के रूप में लाल किले में आमंत्रित करेंगे। वह उस समय उन सभी से व्यक्तिगत रूप से मिलेंगे और बात भी करेंगे। यही नहीं पीएम मोदी सभी खिलाड़ियों से अपने आवास पर भी अलग से मिलेंगे।
बता दें कि ओलंपिक इतिहास में इस बार भारत का सबसे बड़ा 127 खिलाड़ियों का दल टोक्यो पहुंचा है और अलग-अलग खेलों में अपनी दावेदारी पेश कर रहा है।
गुजरात में आज वर्चुअली प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा- “इस बार सबसे ज्यादा संख्या में भारतीय खिलाड़ियों ने ओलंपिक गेम्स के लिए क्वालीफाई किया है। याद रखें कि ऐसा उस वक्त हुआ है जब सौ वर्षों सबसे बड़ी महामारी से संघर्ष किया जा रहा है। उन्होंने ना सिर्फ क्वालीफाई किया बल्कि काफी कड़ा मुकाबला दिया है।”
प्रधानमंत्री मोदी ने आगे कहा कि भारतीय खिलाड़ियों का जोश और जज्बा उच्चतम स्तर पर है। यह विश्वास तभी आता है जब सही क्षमता की पहचान होती है और उन्हें बढ़ावा दिया जाता है। यह नया विश्वास न्यू इंडिया का हॉलमार्क बन गया है।