नई दिल्ली : ड्रग्स क्रूज मामले को लेकर आमने-सामने आएं नवाब मलिक पर महाराष्ट्र के पूर्व सीएम देवेंद्र फडणवीस ने बड़ा आरोप लगाया है। और उन्होंने मलिक का लिंक मुंबई बम कांड के दोषियों से जोड़ा है। पूर्व सीएम फडणवीस ने दावा किया कि नवाब मलिक के परिवार ने अंडरवर्ल्ड के लोगों से जमीन खरीदी थी। यह भी कहा गया कि जमीन को दाऊद के लोगों से सस्ते में खरीदा गया।
इस दौरान देवेंद्र फडणवीस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कई दस्तावेज भी दिखाए। कहा कि वे ये दस्तावेज NCP प्रमुख शरद पवार को सौंपेंगे। इसके साथ ही उन्होंने नवाब मलिक से सवाल किया कि उनके परिवार ने आखिर मुंबई हमले के दोषियों से जमीन क्यों खरीदी। बता दें कि नवाब मलिक भी आज दो बजे प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे, इसमें वह इन आरोपों का भी जवाब दे सकते हैं।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में देवेंद्र फडणवीस ने दो नाम बताए। इसमें सरदार शाह वली खान और मोहम्मद सलीम पटेल का जिक्र किया गया। फडणवीस बोले कि सरदार शाह वली खान 1993 बम ब्लास्ट का गुनाहगार है, जिसे उम्रकैद हुई थी। उसने टाइगर मेमन का सहयोग किया था, साथ ही बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज, मुंबई महानगर पालिका में बम कहां रखना है इसकी रेकी की थी। उसने ही टाइगर मेमन की गाड़ियों में RDX लोड कराया था।
दूसरे शख्स मोहम्मद सलीम पटेल का जिक्र करते हुए देवेंद्र फडणवीस बोले कि वह दाऊद इब्राहिम का आदमी था। उसे फडणवीस ने हसीना पारकर का ड्राइवर, बॉडीगार्ड बताया। पूर्व सीएम बोले, ‘हसीना पारकर जब 2007 में अरेस्ट हुई तो सलीम पटेल भी अरेस्ट हुआ था। रिकॉर्ड से पता चला कि दाऊद के फरार होने के बाद हसीना के नाम से संपत्तियां जमा होती थीं। इसमें सलीम का अहम रोल था। संपत्तियों की पावर अटॉर्नी इसके नाम से ली जाती थी। ये सलीम पटेल हसीना के सारे बिजनेस (जमीन कब्जे) का प्रमुख था।’
फडणवीस ने किया जमीन सौदे का जिक्र
देवेंद्र फडणवीस ने आगे कहा कि कुर्ला में एक तीन एकड़ जगह है। इसे गोवा वाला कंपाउंड कहा जाता है यह जगह LBS रोड पर है, जो काफी महंगा इलाका है। इस जमीन की एक रजिस्ट्री सोलिडस नाम की कंपनी (Solidus company) के नाम पर हुई जो कि नवाब मलिक के परिवार की है।
फडणवीस बोले इसकी बिक्री सरदार शाह वली खान और सलीम पटेल ने की थी। जमीन सोलिडस कंपनी को बेची गई थी। आरोप लगाया गया कि ये कंपनी नवाब मलिक के परिवार की है। जिसका मालिक फराज मलिक है। महाराष्ट्र के पूर्व सीएम बोले कि जमीन की कीमत काफी ज्यादा थी, बावजूद इसके इसे सिर्फ 30 लाख में खरीदा गया, जिसमें से सिर्फ 20 लाख रुपये दिए गए।
फडणवीस ने आगे पूछा कि नवाब मलिक बताएं कि जब सौदे के वक्त (2005) में वह मंत्री थे तो सौदा कैसे हुआ। मुंबई के गुनाहगारों से जमीन क्यों खरीदी? पूर्व सीएम ने कहा कि इन दोषियों पर उस वक्त टाडा लगा था। कानून के मुताबिक, टाडा के दोषी की संपत्ति सरकार जब्त करती है। क्या टाडा के आरोपी की जमीन जब्त ना हो, इसलिए यह आपको ट्रांसफर की गई?