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“हर गांव की सुरक्षा, हर बहन का संबल, बीमा सखी योजना से बदलेगा ग्रामीण भारत!”

दिल्ली : केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में “बीमा सखी योजना" की ऐतिहासिक शुरुआत हुई है।

By: RNI Hindi Desk 
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“हर गांव की सुरक्षा, हर बहन का संबल, बीमा सखी योजना से बदलेगा ग्रामीण भारत!”

दिल्ली : केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में “बीमा सखी योजना” की ऐतिहासिक शुरुआत हुई है। यह योजना न केवल महिला सशक्तिकरण, बल्कि ग्रामीण भारत और अर्ध शहरी क्षेत्रों को आर्थिक सुरक्षा मुहैया कराने की दिशा में एक उल्लेखनीय कदम है। मोदी सरकार, देश की प्रत्येक महिला को आत्मनिर्भर और आर्थिक रूप से मजबूत देखने के लिए संकल्पित है।

केंद्रीय मंत्री चौहान ने आज जारी एक वक्तव्य में बताया कि केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय ने भारत सरकार के मिशन “2047 तक सभी के लिए बीमा” को साकार करने हेतु भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) के साथ महत्वपूर्ण साझेदारी की है। राष्ट्रीय आजीविका मिशन वित्तीय समावेशन पहल के अंतर्गत इस योजना के तहत, देशभर की प्रशिक्षित स्वयं सहायता समूह (SHG) की महिलाओं को ‘बीमा सखी’ के रूप में ग्राम पंचायत स्तर पर नियुक्त किया जाएगा।

मंत्री शिवराज सिंह ने कहा, “बीमा सखी योजना, महिला उद्यमिता और वित्तीय आज़ादी का मजबूत माध्यम है। यह कदम प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी जी के ‘आत्मनिर्भर भारत’ दृष्टि को साकार करने के लिए हमारी प्रतिबद्धता दर्शाता है।” शिवराज सिंह ने बताया कि इस योजना को बनाने का उद्देश्य यहीं है कि ग्रामीण महिलाओं का आर्थिक सशक्तिकरण हो। इसी के अनुसार, बीमा सखी बनकर महिलाएं अब उद्यमिता एवं आय के नए अवसर पा रही हैं, जिससे SDG 5 (जेंडर समानता) के लक्ष्यों और ‘लखपति दीदी मिशन’ को बल मिलेगा। उन्होंने बताया कि 15 अगस्त तक दो करोड़ बहनें लखपति होगी।

शिवराज सिंह ने कहा कि रोज़गार सृजन व महिला श्रम-बल में भागीदारी के तहत महिलाओं की स्थानीय स्तर पर भागीदारी बढ़ाकर, बीमा सखी योजना शहरी और ग्रामीण रोजगार में नया अध्याय जोड़ रही है। इस महत्वपूर्ण स्कीम में समावेशी बीमा इकोसिस्टम के अंतर्गत बीमा सखियाँ न केवल बीमा योजनाओं की पहुँच बढ़ा रही हैं, बल्कि अंतिम छोर तक विश्वास-आधारित सेवाओं का विस्तार कर रही हैं।

उन्होंने कहा कि सरकारी प्राथमिकताओं से तालमेल होने के साथ ही यह पहल ‘जन धन से जन सुरक्षा’, डिजिटल इंडिया, और महिला कौशल विकास जैसी योजनाओं को मजबूती प्रदान कर रही है। शिवराज सिंह ने कहा कि आपदा सुरक्षा में योगदान देते हुए विशेषकर आपदा वाले क्षेत्रों में, यह योजना ग्रामीण परिवारों को वित्तीय झटकों से बचाने के लिए सुरक्षा कवच सिद्ध होगी। श्री चौहान ने कहा, “बीमा सखी केवल बीमा की एजेंट नहीं, बल्कि सामाजिक बदलाव की अगुवा हैं। वे गाँव-गाँव में वित्तीय सुरक्षा की मशाल लेकर आगे बढ़ रही हैं, जिससे गाँव आर्थिक रूप से संबल और महिलाएँ आत्मनिर्भर बन रही हैं।”

शिवराज सिंह ने, राज्यों और सभी भागीदार संस्थाओं से आह्वान किया कि वे इस जनांदोलन का हिस्सा बनें और बीमा सखी योजना को हर गाँव, हर घर तक पहुँचाने में सहयोग करें। शिवराज सिंह ने कहा, “बीमा सखी योजना एक परिवर्तनकारी आंदोलन है, जिससे भारत को लचीला, समावेशी और बीमाकृत राष्ट्र बनाना संभव है। यह पहल हमारी ग्रामीण माताओं-बहनों की आर्थिक सुरक्षा और समग्र विकास के संकल्प को नई ऊर्जा प्रदान करेगी।

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