भोपाल में यूथ कांग्रेस ने NEET पेपर लीक और अनियमितताओं को लेकर केंद्र और राज्य सरकार के खिलाफ आंदोलन तेज कर दिया है। संगठन ने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग करते हुए प्रदेशभर में प्रदर्शन करने की घोषणा की है।
भोपाल में यूथ कांग्रेस ने NEET पेपर लीक और अनियमितताओं को लेकर केंद्र और राज्य सरकार के खिलाफ आंदोलन तेज कर दिया है। संगठन ने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग करते हुए प्रदेशभर में प्रदर्शन करने की घोषणा की है।
मध्य प्रदेश के ग्वालियर में कांग्रेस ने 'छात्रों की गूंज' अभियान की शुरुआत की। इस दौरान सांसद पप्पू यादव ने शिक्षा व्यवस्था, पेपर लीक, बेरोजगारी और परीक्षा प्रणाली को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि डिजिटल परीक्षा कैलेंडर लागू होने और शिक्षा मंत्री के इस्तीफे तक आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने भाजपा और भारत तिवारी एनकाउंटर मामले पर भी अपनी प्रतिक्रिया दी।
भोपाल में केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के अवसर पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पत्रकार वार्ता को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने जनकल्याण, सुशासन, इंफ्रास्ट्रक्चर, डिजिटलीकरण और रोजगार जैसे क्षेत्रों में हुई प्रगति को रेखांकित किया। कार्यक्रम में ‘विकसित भारत @ 2047’ के लक्ष्य को लेकर देश के समग्र विकास की दिशा में सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई गई।
भोपाल में केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के दौरे के दौरान युवा कांग्रेस और NSUI के कुछ नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया। इस कार्रवाई पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नाराजगी जताते हुए इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन बताया। फिलहाल पुलिस की ओर से इस मामले में कोई विस्तृत आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
भोपाल में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शूटिंग अकादमी में खिलाड़ियों से संवाद किया और खेलों के विकास पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत खेल और शिक्षा को साथ जोड़ने पर जोर दिया जा रहा है तथा खिलाड़ियों की उपलब्धियों को शैक्षणिक रिकॉर्ड से जोड़ने की व्यवस्था की जा रही है। उन्होंने 2036 ओलंपिक और 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य को लेकर सरकार
ग्वालियर में पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए NEET परीक्षा में कथित धांधली और लगातार पेपर लीक को लेकर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने इसे छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ बताते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग की। साथ ही उन्होंने आर्थिक नीतियों पर भी सवाल उठाते हुए सोने के आयात शुल्क बढ़ाने के फैसले को आम लोगों और कारीगरों के हितों
कार्यक्रम का मूल उद्देश्य है 2047 तक भारत को विकसित होना है तो भारत के वैज्ञानिक ताकत को और बढ़ाना होगा।
इस दौरान केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने देश की खुशहाली और समृद्धि की कामना की।