भोपाल: मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल स्थित रवींद्र भवन में ‘नशे से दूरी है जरूरी 2.0’ अभियान का दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि नशा किसी भी रूप में व्यक्ति, परिवार और समाज के लिए विनाशकारी है तथा प्रदेश सरकार नशे के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति पर काम कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार केवल ड्रग तस्करों पर ही नहीं, बल्कि उनके पूरे नेटवर्क पर सख्त कार्रवाई करेगी। उन्होंने पुलिस विभाग की सराहना करते हुए कहा कि पुलिस के पास जज़्बा भी है और जोश भी है तथा सरकार हर स्तर पर पुलिस के साथ मजबूती से खड़ी है। साथ ही उन्होंने पुलिसकर्मियों की समस्याओं के समाधान के लिए भी सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।

डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के नेतृत्व में वर्ष 2029 तक देश को नशामुक्त बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए जनजागरूकता और कानून का सख्ती से पालन दोनों आवश्यक हैं।

मुख्यमंत्री ने बताया कि उनकी सरकार के कार्यकाल में प्रदेश की 19 धार्मिक नगरियों में शराबबंदी लागू की गई है। उन्होंने युवाओं और समाज के सभी वर्गों से नशामुक्ति अभियान में सक्रिय भागीदारी की अपील की।
उन्होंने पुलिस अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि ड्रग माफिया के खिलाफ किसी भी प्रकार की नरमी न बरती जाए और उनके विरुद्ध पूरी सख्ती के साथ कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि ‘नशे से दूरी है जरूरी 2.0’ अभियान प्रदेश में नशे के प्रति जागरूकता बढ़ाने और नशामुक्त समाज के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।