नई दिल्ली : पिछले कुछ दिनों से लगातार राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के स्वास्थ से जुड़ी खबरें सामने आ रहीं थीं, जिसे लेकर परिवार और प्रशंसकों में काफी निराशा था। हालांकि उनकी स्वास्थ जांच के बाद उन्हें एम्स में भेज दिया गया है। दरअसल लगातार स्वास्थ गिरावट के कारण विपक्षी नेता राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के बेटे तेज प्रताप यादव ने बिहार सुप्रीमो नीतीश कुमार से अपील की थी कि वे उनकी समुचित इलाज के लिए उन्हें एम्स भेजें।
जिसने हमें ताक़त दिया आज वक्त है उनके लिए ताक़त बनने का।
आइये, एक मुहिम से जुड़े और अपने नेता की आज़ादी के लिए अपील करें।
ग़रीबों के मसीहा आदरणीय श्री @laluprasadrjd जी के लिए एक पत्र “आज़ादी पत्र” को महामहिम राष्ट्रपति तक पहुँचाएँ।
3 बजे, प्रदेश कार्यालय,पटना#आज़ादीपत्र pic.twitter.com/DuAZtDDUEY
— Tej Pratap Yadav (@TejYadav14) January 25, 2021
बता दें कि अब जब लालू प्रसाद यादव को एम्स भेज दिया गया हैं तो, अब उनके परिवार ने उनकी रिहाई के लिए अभियान चलाया है। उनके बड़े बेटे और विधायक तेज प्रताप यादव ने राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद को सोमवार को पोस्टकार्ड पर पत्र लिखकर अभियान की शुरुआत की है। उनके बाद, लालू प्रसाद की बेटी रोहिणी आचार्य ने भी पहल की है। वही, तेजप्रताप ने इसके लिए यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव से भी समर्थन मांगा है। राजद नेता ने कहा कि उनके पिता को एक साजिश के तहत जेल में रखा गया है।
He (Lalu Prasad Yadav) has been put behind bars as part of a conspiracy & is imprisoned despite prolonged illness. It’s political torture by Centre:RJD leader Tej Pratap Yadav after releasing postcard addressing President Kovind seeking acquittal of his father #Patna
(25.1.21) pic.twitter.com/aNlpv6Ic0h
— ANI (@ANI) January 25, 2021
खबरों के मुताबिक, उन्होंने पोस्टकार्ड जारी करते हुए कहा- “उन्हें (लालू प्रसाद यादव को) एक साजिश के तहत सलाखों के पीछे डाल दिया गया है और लंबी बीमारी के बावजूद जेल में रखा गया है। यह केंद्र द्वारा राजनीतिक यातना है।”
तेज प्रताप यादव ने कहा कि 27 जनवरी को वह खुद दिल्ली जाकर राष्ट्रपति से मुलाकात करेंगे और उनसे आग्रह करेंगे कि लालू प्रसाद को रिहा कर दिया जाए। उन्होंने कहा कि ‘लालू को झूठे मुकदमे में फंसाया गया है और जेल में बंधक बनाकर रखा गया है’। तेज प्रताप ने इसे ‘राजनीतिक षड्यंत्र’ बताया और कहा कि ‘चारा घोटाले से संबंधित जितने भी लोग हैं, उनमें सबको रिहा कर दिया गया है, अब सिर्फ लालू ही बचे हैं।’
पत्र में तेज प्रताप ने राष्ट्रपति से आग्रह किया कि ‘उनके पिता बहुत बीमार हैं इसलिए अब जेल से रिहा कर देना चाहिए।’ उन्होंने दावा किया कि ‘लड़ाई को मुकाम तक पहुंचाएंगे और गांव-गांव में अभियान चलेगा।’
बता दें कि राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव बिहार के सबसे चर्चित चारा घोटाला मामले में सजा काट रहे है।