नई दिल्ली : 15 जनवरी को भारतीय थल सेना ‘सेना दिवस’ के तौर पर मनाती है। यह थल सेना का 73वां स्थापना दिवस है। ‘आर्मी डे’ मनाने के पीछे 2 मुख्य कारण हैं। पहला, 15 जनवरी, 1949 को भारतीय सेना पूरी तरह ब्रिटिश थल सेना से मुक्त हो गई थी। दूसरा, इसी दिन भारतीय सेना को अपना पहला कमांडर इन चीफ मिला था। जनरल केएम करियप्पा को यह गौरव हासिल हुआ था। इन्हें किप्पर नाम से भी जाना जाता है। इस दिन इंडिया गेट पर बनी अमर ज्योति पर शहीदों को श्रद्धांजलि दी जाती है। वहीं, शहीदों की विधवाओं या उनके परिजनों को सेना मेडल आदि पुरस्कार दिए जाते हैं। बता दें कि भारतीय सेना का गठन 1776 में ईस्ट इंडिया कंपनी ने कोलकाता में किया था। मौजूदा समय में भारतीय सेना के 53 कैंटोनमेंट और 9 बेस हैं।
तो चलिए अब हम आपको भारतीय थल सेना से जुड़े कुछ 10 ऐसी बातों से रूबरू करवाते है, जिन्हे आप शायद ही जानते होंगे…
भारतीय सेना दुनिया की चौथे नंबर की सबसे शक्तिशाली फौज मानी जाती है। जो पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान बार-बार गीदड़ भभकी देता है, वो 15वां स्थान रखता है।
दो साल पहले पाकिस्तानी मीडिया में ‘ग्लोबल फायरपावर्स 2019’ नामक एक रिपोर्ट प्रकाशित हुई थी। इसमें दुनियाभर की सैन्य ताकतों का आकलन किया गया था। इसमें अमेरिकी सेना नंबर-1, रूस की सेना नंबर-2, चीन की सेना नंबर-3, वहीं भारतीय सेना को चौथी सबसे पॉवरफुल आर्मी के रूप में देखा गया। इसमें दुनिया के 137 देशों की सेनाओं को शामिल किया गया था। अब जिस तस्वीर को आप देख रहे है उसमें नेहरू जी के साथ जनरल केएम करियप्पा आपको नजर आ रहे हैं।
अगर भारत की तीनों सेनाओं थल-जल और वायु की चर्चा करें, तो हमारे पास 34,62,500 से ज्यादा फौजी हैं। 2,082 विमान और 4,184 लड़ाकू टैंक हैं। एक विमानवाहन पोत और कुल 295 नौसेना सम्पत्तियां हैं।
1971 में भारत-पाक युद्ध में पाकिस्तान को हार का सामना करना पड़ा था। इसमें पाकिस्तान के 93,000 जवानों को आत्मसमर्पण करना पड़ा था। यह अब तक का सबसे बड़ा सरेंडर रहा है।
भारत ने दो बार परमाणु परीक्षण किए, ताकि सेना की ताकत को बढ़ाया जा सके। पहला पोखरण में 1974 में जब इंदिरा गांधी प्रधानमंत्री थीं। और दूसरा 1998 में जब अटल बिहारी वाजपेयी प्रधानमंत्री थे।
इंडियन इंस्टीट्यूट फॉर डिफेंस एंड एनालिसिस की रिपोर्ट के अनुसार 2020 में भारत का रक्षा बजट 66.9 अरब अमेरिकी डॉलर था। जबकि मीडिया रिपोर्ट के अनुसार इसे 71.1 अरब अमेरिकी डॉलर बताया गया। यह दुनिया में तीसरे नंबर पर आता है। जबकि पूरे विश्व का रक्षा बजट 1917 अरब डॉलर रहा है। हालांकि अब इसमें बढ़ोत्तरी हो चुकी है।
अगर हम दुनिया के कुछ सबसे शक्तिशाली देशों की फौज की बात करें तो सबसे पहले अमेरिका, रूस, चीन, भारत, फ्रांस, जापान, दक्षिण कोरिया, यूके, तुर्की, जर्मनी, इटली, मिस्र, ब्राजील, ईरान और सबसे पीछे पाकिस्तान का नाम आता है।
सियाचीन ग्लेशियर को दुनिया की सबसे ऊंची युद्धभूमि कहा जाता है। यह समुद्र तल से 5000 मीटर की ऊंचाई पर है। वहीं भारतीय सेना इस जगह पर तैनात होकर सीमा की सुरक्षा करती है।
साल 2013 में उत्तराखंड में आई प्रलय के दौरान भारतीय सेना ने अब तक के अपने मिशन का सबसे बड़ा राहत कार्य चलाया था। इसमें 20 हजार जवानों को लोगों को बचाने के लिए उतारा गया था।
14 फरवरी, 2019 को जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में आतंकी अटैक में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के 40 जवान शहीद हो गए थे। इसके जवाब में भारतीय सेना ने 26 फरवरी, 2019 को पाकिस्तान के बालाकोट में एयर स्ट्राइक की थी। कहा जाता है कि इसमें 300 आतंकी मारे गए और यह अब तक के इतिहास में भारतीय सेना की सबसे बड़ा जवाबी हमला यानी एयर स्ट्राइक थी।