नई दिल्ली : देश में जारी कोरोना महामारी की रफ्तार एक बार फिर तेज होने के कारण आम जनता से लेकर स्वास्थ विभाग भी लगातार परेशान है, की आखिर इसकी रफ्तार कैसे रोकी जा सकें। हालांकि इस रफ्तार को रोकने के लिए देश में वैक्सीनेशन की प्रक्रिया भी बहुत तेज चल रही है, जिससे आम जन जीवन को इस महामारी से सुरक्षित रखा जा सकें। वहीं दूसरी तरफ कोरोना महामारी को लेकर WHO ने बड़ी भविष्यवाणी की है।
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने कहा कि अगर हम इस बात की उम्मीद लगा रहे हैं कि 2021 के अंत तक कोरोना खत्म हो जाएगा, तो यह ‘अवास्तविक’ है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, संगठन के आपातकालीन मामलों के निदेशक डॉ. माइकल रयान ने कहा कि, “मेरे ख्याल से इस साल के अंत तक कोविड के खत्म होने के बारे में सोचना असामयिक है और अवास्तविक भी है।” उन्होंने आगे कहा कि, “लेकिन मेरा यह भी मानना है कि अगर हम सूझबूझ से काम ले, तो अस्पतालों में भर्ती हो रहे मरीजों की संख्या, महामारी से संबंधित मौतों सहित अन्य त्रासदियों को खत्म कर सकते हैं।”
अगर हम वहीं भारत में पिछले 24 घंटे में कोविड-19 के नये मामलों की बात करें तो, देश में बीते 24 घंटे में 14 हजार 989 नये मामले सामने आये है, जिससे देश में कुल संक्रमण की संख्या 21 करोड़ 84 लाख 3 हजार 277 है। देश में सक्रिय मामलों की कुल संख्या अब 1 लाख,70 हजार,126 है और इस महामारी से ठीक हुए लोगों की कुल संख्या 1 करोड़,08 लाख,12 हजार, 044 है।
जबकि पिछले ही 24 घंटों में 98 नई मौतों के साथ देश में कुल मौतों की संख्या 1 लाख, 57 हजार, 346 हो गई है। देश में कुल 1 करोड़, 56 लाख,20 हजार, 749 लोगों को कोरोना वायरस की वैक्सीन लगाई गई है। भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (ICMR) के मुताबिक, ‘भारत में कल तक कोरोना वायरस के लिए कुल 21,84,03,277 सैंपल टेस्ट किए जा चुके हैं, जिनमें से 7,85,220 सैंपल कल टेस्ट किए गए।
आपको बता दे कि कोरोना के बढ़ते मामलों को ध्यान में रखते हुए केंद्र ने महाराष्ट्र, केरल, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, गुजरात, पंजाब, कर्नाटक, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और जम्मू-कश्मीर में उच्च स्तर की मल्टी-डिसीप्लीनरी टीम बना दी हैं। ताकि यहां महामारी पर काबू पाने के लिए सख्ती से और तेजी से उपाय किए जा सकें।
बता दें कि यह तीन सदस्यीय टीमों को नेतृत्व केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय में संयुक्त सचिव स्तर के अधिकारी करेंगे। ये टीमें राज्यों और केन्द्र शासित प्रदेशों के प्रशासन के साथ मिलकर काम करेंगे और कोविड -19 मामलों की संख्या में हाल ही में हुई वृद्धि के कारणों का पता लगाएंगे। साथ ही वे कोविड-19 संक्रमण की चेन तोड़ने के लिए भी काम करेंगे।