उत्तराखंड सरकार ने महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए एक अहम फैसला लिया है। राज्य में नई राशन दुकानों के आवंटन और शेष दुकानों में 33 प्रतिशत महिलाओं के लिए आरक्षण सुनिश्चित किया जाएगा। यह निर्णय खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री रेखा आर्या ने लिया है, जो अब विभागीय अधिकारियों को इस संबंध में प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दे चुकी हैं। यह प्रस्ताव जल्द ही कैबिनेट के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा।
महिलाओं के लिए 33% आरक्षण
उत्तराखंड सरकार ने राज्य में राशन दुकानों के आवंटन में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने का फैसला किया है। इस कदम से राज्य में महिलाओं को स्वयं का व्यवसाय स्थापित करने और आर्थिक रूप से सशक्त होने का अवसर मिलेगा।
प्रदेश स्तरीय महिला राशन विक्रेताओं का सम्मेलन
खाद्य मंत्री रेखा आर्या ने बताया कि जल्द ही महिला राशन विक्रेताओं का एक प्रदेश स्तरीय सम्मेलन आयोजित किया जाएगा, जिसमें उनकी समस्याओं और सुझावों पर विचार किया जाएगा।
शत-प्रतिशत सस्ता खाद्यान्न वितरण
मंत्री ने स्पष्ट किया कि जो राशन विक्रेता शत-प्रतिशत सस्ता खाद्यान्न वितरण कर रहे हैं, उन्हें दुकान खोलने के लिए कोई दबाव नहीं डाला जाएगा। उन्हें स्वतंत्रता दी जाएगी, ताकि वे अपनी सुविधानुसार काम कर सकें।
बायोमीट्रिक प्रणाली का उन्नयन
मंत्री रेखा आर्या ने बताया कि बायोमीट्रिक प्रणाली को और अधिक हाईटेक किया जा रहा है, ताकि यह सुदूर पर्वतीय क्षेत्रों में भी प्रभावी रूप से काम कर सके। उन्होंने अधिकारियों को 15 दिसंबर तक शत-प्रतिशत ऑनलाइन राशन वितरण की व्यवस्था को सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
केंद्र सरकार को अवगत कराया गया
मंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार को भाड़ा और लाभांश के भुगतान के संबंध में अवगत करा दिया गया है। इसके अलावा, आंगनबाड़ी केंद्रों में मिलने वाले राशन के भुगतान के लिए आवश्यक धनराशि भी जल्द उपलब्ध कराई जाएगी।
खाद्य मंत्री का भरोसा और आगे की योजना
मंत्री रेखा आर्या ने राशन विक्रेताओं और अधिकारियों के साथ बैठक कर उनकी समस्याओं का समाधान सुनिश्चित किया और सस्ता राशन वितरण प्रणाली को सुधारने की दिशा में कदम उठाए। उनके अनुसार, सरकार का लक्ष्य खाद्यान्न वितरण को पारदर्शी और तकनीकी रूप से सुदृढ़ बनाना है।