उज्जैन में आस्था, परंपरा और परिवार के संकल्प का अद्भुत संगम देखने को मिला। एक परिवार ने अपने पूर्वजों के 18 साल पुराने सपने को साकार करते हुए भव्य मंदिर का निर्माण पूरा किया और अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर विधि-विधान से प्राण प्रतिष्ठा समारोह आयोजित किया।

उज्जैन में आयोजित इस भव्य प्राण प्रतिष्ठा समारोह में आस्था और संस्कृति का खूबसूरत मेल देखने को मिला। समाजसेवी प्रकाश यादव पारिवारिक सदस्य मृदुल बंसल ने बताया कि यह मंदिर उनके बड़े भाई के संकल्प और दादा-दादी व पितरों की प्रेरणा का परिणाम है।

करीब 18 साल पहले रखी गई थी नींव
करीब 18 साल पहले रखी गई नींव को अब भव्य रूप दिया गया है। मंदिर में राधा-कृष्ण, शिव परिवार, गणेश, मां पार्वती और दक्षिणमुखी हनुमान जी की प्रतिमाएं स्थापित की गई हैं। खास आकर्षण युवावस्था वाली हनुमान जी की प्रतिमा है, जो युवाओं को प्रेरणा देने वाली है। परिवार का कहना है कि यह मंदिर न सिर्फ भक्ति और श्रद्धा का केंद्र बनेगा, बल्कि समाज में सद्भाव, संस्कृति और आने वाली पीढ़ियों को सनातन मूल्यों से जोड़ने का प्रेरणा स्रोत भी बनेगा।
उज्जैन से संवाददाता प्रियंक की रिपोर्ट