देश में नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के खिलाफ हो रहे विरोध प्रदर्शन के दौरान जेएनयू के छात्र शरजील इमाम ने कुछ दिन पहले प्रदर्शनकारियों के बीच जाकर भड़काऊ भाषण दिए थे। वहीं शरजील इमाम का भड़काऊ भाषण का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। जिसके बाद पुलिस ने जेएनयू छात्र शरजील के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ।
पुलिस ने शरजील इमाम को गिरफ्तार के लिए छानबीन शुरू कर दी। दो दिन बाद पुलिस ने शरजील इमाम को बिहार से गिरफ्तार किया। इस मामले की छानबीन के दौरान पुलिस को मिले सबूत में यह बात साफ हो गई है कि, सीएए के खिलाफ विवादित पोस्टर बनाया गया है। जिसे शरजील ने सभी स्टूडेंट के ग्रुप में भेजा है। साथ ही पैंफ्लेट के रूप में आसपास के मस्जिदों में भी बांटा गया था।
वहीं शरजील इमाम की रिमांड तीन दिन के लिए और बढ़ा दी गई है। पिछले पांच दिन के दौरान हुई पूछताछ में वह लगातार क्राइम ब्रांच के जांच अधिकारियों को गुमराह करने की कोशिश कर रहा है। इस मामले में पुलिस द्वारा किए गए खुलासे में यह बात सबके सामने आई है कि, पॉपुरलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) से जुड़े लोग शरजील से जुड़े हुए थे।
आपको बताते चलें कि, सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, जेएनयू छात्र शरजील इमाम को जामिया मामले में भी गिरफ्तार किया जा सकता है। जांच के दौरान पुलिस को शरजील के लैपटॉप से कई ऐसे सबूत मिले हैं जो यह दर्शाता है कि वह सीएए के खिलाफ जारी प्रदर्शन के लिए लोगों को भड़का रहा था। उसके लैपटॉप से कई पैंफ्लेट बरामद हुए हैं, जिसमें सीएए और एनआरसी को लेकर गलत जानकारी फैलाई जा रही है।