प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लोकसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर हुई चर्चा का जवाब दिया। इस दौरान विपक्ष पीएम मोदी के निशाने पर रहा। पीएम मोदी ने कहा कि 20 साल से मैंने जिस प्रकार से गंदी गाली सुनकर खुद को गालीप्रूफ बना दिया है तो, 6 महीने ऐसी मेहनत करूंगा की मेरी पीठ को हर डंडा सहने की ताकत मिले। इस दौरन अधीर रंजन को निशाने पर लेते हुए पीएम मोदी ने कहा कि, मैं आपको जब देखता सुनता हूं, किरण रिजिजू को बधाई देता हूं। आप फिट इंडिया मूवमेंट का अच्छे से प्रचार कर रहे हैं।
पीएम मोदी ने आगे कहा कि, आप भाषण देने के दौरान भी कसरत करते हैं। पीएम मोदी के इस बयान के बाद संदन में मौजूद लोग हंस पड़े। इसके आगे रंजन पर तंज कसते हुए पीएम मोदी ने एक कहानी सुनाई। उन्होंने कहा कि, कल यहां स्वामी विवेकानंद के कंधों से बंदूकें फोड़ी गईं। आपने रिकॉर्ड से निकाल दिया है, इसलिए जिक्र नहीं करूंगा।
एक बार कुछ लोग रेल में सफर कर रहे थे। रैल जैसे गति पकड़ती थी, तो पटसे से आवाज आती थी। वहां बैठे हुए एक संत महात्मा बोले कि देखो पटरी से कैसी आवाज आ रही है। यह निर्जीव पटरी भी हमें कह रही है, प्रभु कर दे बेड़ा पार। दूसरे संत ने कहा मैंने सुना नहीं, मुझे तो यह सुनाई दे रहा है कि प्रभु तेरी लीला अपरंपार है। वहां मौजूद मौलवी ने कहा कि उन्हें कुछ और सुनाई दे रहा है। संत के पूछने पर उसने कहा कि अल्ला तेरी रहमत रहे। पहलवान ने कहा कि मुझे तो सुनाई दे रहा है खा रबड़ी कर कसरत…. खा रबड़ी कर कसरत।
बुधवार को संसद में कांग्रेस नेता अधीर रंजन ने स्वामी विवेकानंद का जिक्र करते हुए मोदी की आपत्तिजनक तुलना की थी। इसपर पीएम मोदी ने चुटकी लेते हुए कहा कि, विवेकानंद के नाम से कहा गया, जैसे मन की रचना होती है, वैसे ही हमें सुनाई देता है। आपको यह देखने के लिए इतनी दूर जाने की जरूरत नहीं थी, बहुत कुछ पास में है। बताते चले कि अधीर रंजन के इस विवादित बयान के बाद सदन की कार्यवाही से बाहर निकाल दिया गया था।