केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन भी उन राजनेताओं में शामिल है जिन्होंने नागरिकता कानून का विरोध किया है। वही आज मुंबई में आयोजित एक कार्यक्रम में उन्होनें नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) को खारिज करने की बात दोहराई।
विजयन ने कहा कि पिछले कई हफ्तों से मुंबई के नागरिकों ने समाज के धर्मनिरपेक्ष ताने-बाने को तोड़ने के लिए हिंदुत्व के प्रयासों के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया है। मैं धर्मनिरपेक्षता और भारतीय संविधान की रक्षा में शहर भर में किए जा रहे संघर्षों के साथ एकजुटता व्यक्त करता हूं।
विजयन ने आगे कहा कि सीएए को तीन कारणों से खारिज कर दिया जाना चाहिए-
बताते चले कि इसके अलावा उन्होनें सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि सांप्रदायिक शक्तियां अंग्रेजों की रणनीति का इस्तेमाल लोगों को सांप्रदायिक आधार पर बांटकर आपसी एकता को प्रभावित करने के लिए कर रही हैं।