फर्रुखाबाद के जिलाधिकारी मानवेन्द्र सिंह ने स्थाई गोवंश आश्रय स्थल जनैया सठैया का औचक निरीक्षण किया । निरीक्षण के दौरान 72 गोवंश बताये गये। गौशाला के निर्माण कार्य में अनियमितता पाई गई।

चरही के दोनों ओर टीन सैड कार्य नहीं कराया गया । जिलाधिकारी ने ग्राम प्रधान को चारों सैड के बीच के गेफ में टीन सैड लगवाने के निर्देश दिए ताकि वर्षा के समय चरही में पानी न जा सके।

गोवंश हेतु पेयजल व्यवस्था हेतु एक बड़ी होद का निर्माण कराने के निर्देश दिये।
गौशाला के पास चरागाह की 19 एकड़ जमीन होने के बावजूद भी गोवंश हेतु हरे चारे की व्यवस्था नहीं है। गौशाला के अन्दर हरे चारे की जगह गौपालक ने घुइया बो रखी है।

चरागाह की जमीन पर ग्रामीणों का कब्जा पाए जाने पर जिलाधिकारी ने उपस्थित तहसीलदार को तत्काल सभी कब्जे धारकों पर धारा 67 की कार्यवाही कर जमीन को कब्जा मुक्त कराने के निर्देश दिये।

ग्राम प्रधान को जमीन कब्जा मुक्त हो जाने के पश्चात मनरेगा से गोवंश हेतु पर्याप्त हरे चारे की व्यवस्था कराने के निर्देश दिये ।


दाना, भूसा, चूना एवं नमक आदि की कमी नहीं पाई गई। ग्राम प्रधान द्वारा बताया गया कि गौशाला में कराए गए निर्माण कार्य में शेष धनराशि का सचिव शैलेन्द्र द्वारा अभी तक नहीं भुगतान कराया गया है। जिलाधिकारी ने ग्राम प्रधान को व्यवस्थाएं सुधारने के निर्देश दिये।