योगी सरकार में 69000 शिक्षक भर्ती को लेकर कांग्रेस ने आज एक प्रेस वार्ता की है। कांग्रेस प्रदेश उपाध्यक्ष ,वीरेंद्र चौधरी ने कहा कि परिषदीय शिक्षक भर्ती में अनियमितता का आलम यह है कि 69000 वेकेन्सी में शुरू के 50000 रैंक तक का चयन सामान्य वर्ग में हुआ है।
जबकि आरक्षित वर्ग के लिए 50 प्रतिशत 34500 सीटें सुरक्षित होनी चाहिए थीं। सरकार द्वारा प्रकाशित कट-आफ में 64 प्रतिशत अंक में सामान्य वर्ग के अभ्यर्थी का चयन हो जा रहा है लेकिन 66.64 प्रतिशत अंक पाने वाले ओबीसी अभ्यर्थी का चयन नहीं हुआ है।
गतिमान 69000 सहायक अध्यापक भर्ती परीक्षा में तमाम अनियमितताएं हुई। परीक्षा के दौरान पेपर लीक प्रकरण मीडिया में छाया रहा। नकल के मामलों में कई गिरफ्तारियां हुई, एसटीएफ गठित हुई जांच हुई।
लंबे वक्त के बाद युवाओं में आशा थी कि शिक्षा भर्ती से रोजगार मिलेगा, लेकिन ऐसा नही हुआ क्यूंकि सरकार की नीतियां गलत थी।
ये मामला हाई प्रोफाइल रहा और प्रश्नों के विवाद में कोर्ट ने स्टे लगाया है। शिक्षक भर्ती को घालमेल में रखा गया है।
मेरिट गलत है, पारदर्शी नही है वहीं कटऑफ में भी सूची सही नही है। इससे छात्रों में आक्रोश है और आरक्षित वर्ग के लिए सही नही है।
हमारी सरकार से मांग है कि भ्रम दूर करे और भर्ती पर जो विवाद है वो सभी विवाद खत्म हो जाने चाहिए।