सरकार और किसानों के बीच चल रही बैठक खत्म हो गई हैं। एक बार फिर से ये बैठक पहले की तरह बेनतीजा साबित हुई हैं। अब अगली बैठक 19 जनवरी को होगी। कृषि मंत्री ने कहा कि, सरकार इस मु्द्दे का हल बातचीत के जरिए निकालना चाहती हैं। वहीं किसानों ने बैठक के बाद कहा कि, कमेटी के पास किसान नहीं जाएंगे सिर्फ सरकार के साथ बातचीत के जरिए मुद्दे का हल निकाला जाएगा।

बैठक के दौरान केंद्रीय मंत्री ने कहा कि, सरकार ने किसानों की कई बातें मानी हैं। लेकिन किसान एक कदम भी आगे नहीं आए हैं। वहीं किसान लगातार कानूनों को रद्द करने की मांग पर अड़े हैं। किसान संगठनों ने एक बार फिर से सरकार का प्रस्ताव ठुकरा दिया हैं। इसके साथ ही सिख फॉर जस्टिस संगठन ने चीफ जस्टिस को पत्र लिखकर अपील की है कि, 26 जनवरी को उन्हें ट्रैक्टर रैली निकालने दिया जाए।

लंच ब्रेक होने के बाद राकेश टिकैत ने कहा कि, बैठक में किसान संगठनों ने सरकार से साफ शब्दों में बता दिया है कि, उन्हें कमेटी स्वीकार नहीं है. जिसके बाद दोनों ने तय किया है कि, बातचीत के जरिए ही इस मसले का हल निकालेंगा, किसान संगठनों का कहना है कि लंच के बाद एमएसपी और कृषि कानून पर चर्चा होगी।
किसान नेता राकेश टिकैत ने बयान दिया है कि अगर सुप्रीम कोर्ट कहेगा तो किसान अपनी रिपब्लिक डे वाली ट्रैक्टर परेड को वापस ले लेंगे। आपको बता दें कि किसानों ने कृषि कानून के खिलाफ 26 जनवरी को ट्रैक्टर रैली निकालने का ऐलान किया है, जो लालकिले तक होगी।