रिपोर्ट: सत्यम दुबे
गोरखपुर: गुरुवार को देश में धूमधाम से महाशिवरात्रि का पर्व मनाया गया। यूपी के गोरखपुर में भी महाशिवरात्रि का पर्व मनाया जा रहा था। एक महिला ने शिव मंदिर में शिवलिंग के सामने जैसे ही मत्था टेंका, उसके प्राण उसके शरीर से निकल गये। हैरानी की बात यह है कि साथ में खड़े पति को इस बात की भनक भी नहीं लगी। पति ने सोचा कि उसकी पत्नी रोज भोर में ही भगवान भोले नाथ को जल चढ़ाती थी, महाशिवरात्रि के दिन वह ध्यान में लीन हो गई है।
काफी देर बीतने के बाद भी जब वह नहीं उठी तो उसके पति ने उसको उठाने की कोशिश की लेकिन तब तक उसके प्राण पखेरु उड़ गये थे। यह घटना इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है। मिली जानकारी के मुताबिक घटना गोरखपुर के नौसड़ चौक के पास स्थित हैरया गांव की है। 60 साल की विभक्ति देवी अपने पति जमुना प्रसाद कसौधन के साथ महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर पूजा करने गांव के शिवमंदिर गई थीं। वह रोज भोर में इस मंदिर पर जल चढ़ाने आया करती थीं। महाशिवरात्रि के दिन विभक्ति देवी ने जैसे ही शिवलिंग के सामने मत्था टेका उनका शरीर शांत पड़ गया। वह उसी तरह कई मिनट तक रहीं।
काफी देर बीत जाने के बाद पति जमुना प्रसाद कसौधन को चिंता हुई। पहले तो उनको लग रहा था कि वह ध्यान में लीन हो गई हैं लेकिन कुछ और समय बीतने पर उन्हें उन्होंने कई बार आवाज लगाई, तो विभक्ति देवी के शरीर में कोई हलचल नहीं हुई।
वह वैसे ही पड़ी रहीं। उनके पोते की मानें तो जब कई बार पुकारने के बाद भी जवाब नहीं मिला तो बाबा जमुना प्रसाद ने उनको छुकर देखा। तब पता चला कि शरीर शांत पड़ा है। इसके बाद दादी को आनन फानन में नजदीकी अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।