देहरादून: ज्यादा ब्याज का लालच देकर शातिरों ने कई व्यक्तियों से 22 लाख 20 हजार रुपये की धोखाधड़ी कर दी। कैंट थाना पुलिस ने नौ व्यक्तियों के खिलाफ मामले में कार्रवाई की है।
शिकायतकर्ता नवीन कुमार ने बताया कि एराइज इंडिया हिमालयन कंपनी ने उन्हें गंढ़ी कैंटशाखा का प्रबंधक बनाया हुआ था। कंपनी के एरिया प्रबंधक कपिलदेव शर्मा ने अगस्त 2017 में बताया कि कंपनी व्यक्तियों से आरडी, एफडी, मासिक, दैनिक व वार्षिक के आधार पर विभिन्न स्कीमों में पैसा जमा कराती है।
कपिलदेव ने उन्हें इंद्रानगर शाखा में कंपनी के सीएमडी नितिन श्रीवास्तव, निदेशक अनिरुद्ध तिवारी, भोलेनाथ त्रिपाठी, विनय प्रकाश पांडे, मोहम्मद अनस, राजकुमार, सतीश कुमार, जोनल मैनेजर हरीश शर्मा व एजीएम संजीव गोयल से मिलाया था।
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर उन्होंने नौटियाल भवन कोलागढ़ स्थित शाखा में स्थानीय व बाहरी 78 व्यक्तियों से करीब 22 लाख 20 हजार रुपये विभिन्न योजनाओं में जमा कराए और कंपनी की ओर से प्रदान पासबुक व बांड जमाकर्ताओं को दिए। एक वर्ष बाद स्कीम मिच्योर होने पर कंपनी के सीएमडी व अन्य पदाधिकारियों से संपर्क किया तो सबने बहाने बनाने शुरू कर दिए।
कैंट कोतवाली के इंस्पेक्टर विद्याभूषण नेगी ने बताया कि आरोपित नितिन श्रीवास्तव, अनिरुद्ध तिवारी, भोलेनाथ त्रिपाठी, विनय प्रकाश पांडे, मोहम्मद अनस, राजकुमार, सतीश कुमार, हरीश शर्मा व संजीव गोयल के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
अधिक ब्याज का लालच देकर धोखाधड़ी करने का एक और मुकदमा डालनवाला कोतवाली में दर्ज हुआ है। नेहरू कॉलोनी निवासी विनीत कुमार ने बताया कि नरेंद्र सिंह नेगी निवासी विकास नगर व कपिलदेव शर्मा ने उन्हें एफडी और आरडी पर ज्यादा ब्याज देने का लालच देकर ग्राहकों की एफडी करवाने को कहा।
आरोपितों की बातों में आकर उसने तीन लाख रुपये की एफडी करवा दी। विनीत कुमार ने बताया कि स्कीम मिच्योर होने पर जब उसने पैसे मांगे तो आरोपित टाल मटोल करते हुए कुछ समय बाद ऑफिस छोड़कर चले गए। पुलिस दोनों आरोपितों पर कार्रवाई की है।