हाल ही में प्रधानमंत्री कार्यालय और वित्त मंत्रालय के सामने दी प्रजेंटेशन में नीति आयोग ने कई सुझाव दिए हैं। इसमें सबसे प्रमुख रहा बैंकों को प्राइवेट हाथों में देना।
दरअसल देश में वित्तीय समावेशन को बढ़ाने की दिशा में नीति आयोग ने डाक बैंक या पोस्टल बैंक बनाने का सुझाव दिया है।
इसमें कहा गया है कि देश के 1.5 लाख पोस्ट ऑफिस को प्रस्तावित डाक बैंक बना दिया जाए और इसके अलावा 3 बैंकों को निजी हाथों में देने की वकालत की गई है।
नीति आयोग ने पंजाब एंड सिंध बैंक, यूको बैंक और बैंक ऑफ महाराष्ट्र के प्राइवेटाइजेशन का सुझाव दिया है।
आपको बता दे, मौजूदा समय में देश में 12 सरकारी बैंक हैं, जबकि 2017 में इनकी संख्या 27 थी।