नई दिल्ली में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में नर्मदा अवार्ड से जुड़े गुजरात, राजस्थान, महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश के लंबित मामलों का ऐतिहासिक समाधान किया गया। इस फैसले को राज्यों के बीच बेहतर समन्वय और सहयोग की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
इस समाधान के साथ राज्यों के बीच लंबे समय से चले आ रहे मुद्दों का आपसी सहमति से निराकरण हुआ है। यह पहल केंद्र और राज्यों के बीच सहयोगात्मक संबंधों को मजबूत करने के साथ ही सहकारी संघवाद की भावना को भी आगे बढ़ाने वाली है।
मध्य प्रदेश सरकार ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में राज्यों के बीच समन्वय और आपसी सहयोग का नया दौर शुरू हुआ है। केंद्र सरकार की पहल से विभिन्न राज्यों से जुड़े विवादों का समाधान संवाद और सहमति के माध्यम से किया जा रहा है।

नर्मदा अवार्ड से जुड़े मामलों के समाधान पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह और केंद्रीय जल शक्ति मंत्री श्री सीआर पाटिल के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह निर्णय मध्य प्रदेश सहित संबंधित राज्यों के हितों के लिए महत्वपूर्ण है और भविष्य में बेहतर तालमेल के साथ विकास कार्यों को गति देने में सहायक होगा।
लंबित मामलों के समाधान से नर्मदा नदी से जुड़े मुद्दों पर राज्यों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा। इससे जल संसाधनों के प्रबंधन और विकास कार्यों को अधिक प्रभावी तरीके से आगे बढ़ाने में मदद मिलने की उम्मीद है।