मध्य प्रदेश की महत्वाकांक्षी केन-बेतवा लिंक परियोजना को लेकर प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। कांग्रेस द्वारा परियोजना में भ्रष्टाचार के आरोप लगाए जाने के बाद भारतीय जनता पार्टी ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इसे प्रदेश के विकास से जुड़ी महत्वपूर्ण परियोजना बताया है।
नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार द्वारा लगाए गए भ्रष्टाचार के आरोपों पर बीजेपी प्रवक्ता योगेश चंद्र गुप्ता ने पलटवार करते हुए कहा कि कांग्रेस बिना तथ्यों के दुष्प्रचार कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस के लंबे शासनकाल में भ्रष्टाचार प्रमुख मुद्दा रहा और अब भी वह विकास कार्यों पर राजनीति कर रही है।
बीजेपी के अनुसार, केन-बेतवा लिंक परियोजना केंद्र सरकार की स्वीकृति और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के प्रयासों का परिणाम है। पार्टी का दावा है कि इस परियोजना से प्रदेश के 10 से 12 जिले लाभान्वित होंगे। परियोजना के तहत लगभग 62 लाख लोगों को स्वच्छ पेयजल, 103 मेगावाट से अधिक बिजली उत्पादन तथा 6.5 लाख हेक्टेयर से अधिक कृषि भूमि को सिंचाई की सुविधा मिलने की संभावना है। बीजेपी का कहना है कि यह परियोजना जल प्रबंधन और कृषि विकास के क्षेत्र में बड़ा बदलाव लाएगी।

प्रभावित लोगों को मुआवजे को लेकर उठ रहे सवालों पर बीजेपी ने कहा कि मुख्यमंत्री पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि मुआवजा 2.20 के बजाय 2.40 के गुणांक के आधार पर दिया जाएगा। पार्टी ने भरोसा दिलाया कि परियोजना के क्रियान्वयन के दौरान प्रभावित परिवारों की समस्याओं का समाधान नियमानुसार और प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा।
केन-बेतवा लिंक परियोजना को लेकर कांग्रेस और बीजेपी के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। जहां कांग्रेस परियोजना में अनियमितताओं की जांच की मांग कर रही है, वहीं बीजेपी इसे प्रदेश के विकास और जल संसाधन प्रबंधन की दिशा में ऐतिहासिक पहल बता रही है।