रिपोर्ट: गीतांजली लोहनी
नई दिल्ली: भारत एक ऐसा देश है जहां विविध प्रकार के लोग रहते है अनेक प्रकार का कल्चर इसी देश में देखने को मिलता है। भारत देश के हर राज्य की कुछ ना कुछ विशेषता ही इसे बाकियों से अलग बनाती है। यहां अलग-अलग राज्यों मे अलग तरीके का खान-पान है । लेकिन अगर भारत में नॉन वेज खाने की बात की जाए तो ज्यादातर लोगों के मुंह से चिकन या मटन ही आपने सुना होगा। मगर इस देश में ए क राज्य ऐसा भी है जहां नॉनवेज के नाम पर चीन जैसा खाना परोसा जाता है और यहां चिकन की जगह मुर्गी नहीं बल्कि किसी और जानवर का मांस खाया जाता है।
ये जगह है नागालैंड जहां के लोग चीन की ही तरह अजीबोगरीब जानवरों का मांस खाते हैं। ऐसा लगता है नागालैंड के लोग साग-सब्जी जानते ही नहीं है यहां सभी लोग बिना नॉन-वेज के रह नहीं सकते। लेकिन इनकी थाली में चिकन-मटन के अलावा सांप, घोड़ा, हिरन और कई तरह मांस भी सर्व किया जाता है। हैरानी की बात तो ये भी है कि नागालैंड में हाथी का मांस भी खाया जाता है।

यहां के लोगों के खाने की स्टाइल देख आप दंग रह जाएंगे। नागालैंड के लोग चावल तो जरूर खाते हैं मगर उसके साथ मीट सर्व किया जाता है। खासकर मेंढक का मांस। जी हाँ, इस राज्य में चिकन की तरह ही मेंढक का मांस खाया जाता है।

कैसे बनाया जाता है मेंढ़क का मांस-
मेंढक का मांस ख़ास तरीके से बनाया जाता है। सबसे पहले मेंढक को उबाला जाता है। इसके बाद इसे नागालैंड के खास मसालों में लपेटा जाता हैं। मसालों में मेरिनेट करने के बाद उसे बिल्कुल ड्राई होने तक फ्राई किया जाता है। जिस मसाले में मेंढक को कोट किया जाता है उसमें अदरक, लहसुन और मिर्च का पेस्ट होता है।इसके बाद फ्राइड मेंढक को सलाद और पालक के साथ पकाया जाता है। आपको यकीन नहीं होगा कि नागालैंड के हर घर में मेंढक का मांस खाया जाता है। भारत के बाकी इलाकों में जैसे चिकन-मटन मशहूर है, वैसे ही नागालैंड में मेंढक काफी मशहूर है।