श्रम विभाग मे बेटी की शादी के लिये गरीब विधवा महिला 5 महीने से आर्थिक सहायता के लिए चक्कर काट रही थी लेकिन लॉकडाउन होने के वजह से उनकी फाइल तैयार नहीं हो पाई।
जब गरीब विधवा महिला द्वारा दोबारा से आर्थिक सहायता हेतु श्रम विभाग में फाइल को भेजा गया तो श्रम विभाग द्वारा महिला को सहायक नगर आयुक्त के हस्ताक्षर कर फाइल को जमा करने के लिए कहा गया।
जब यह महिला सहायक नगर आयुक्त कोटद्वार के पास फाइल लेकर पहुंच गई तो सहायक नगर आयुक्त ने बिना कुछ कहे महिला की फाइल को फाड़ डाला।
श्रम मंत्री डॉ हरक सिंह रावत ने बताया की कल मेरे संज्ञान में यह मामला आया था और शिकायत का संज्ञान लेते हुए शहरी विकास मंत्री मदन कौशिक को पत्र लिखकर सहायक नगर आयुक्त के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के आदेश दिए हैं।
साथ ही एसडीएम को भी इसकी जांच करने को कहा गया है और यदि कुछ ऐसा पाया जाता है तो सहायक नगर आयुक्त के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।