{ अनुज की रिपोर्ट }
आज यूपी सरकार ने एक अहम निर्णय लेते हुए अपने एक आदेश को वापिस ले लिया है। दरअसल आइसोलेशन वार्ड में मोबाइल पर पाबंदी लगी थी और इसका आदेश खुद डीजी चिकित्सा शिक्षा ने जारी किया था।
आदेश में कहा गया था की ना सिर्फ अस्पतालों में बल्कि कोरोना के मरीज भी मोबाइल इस्तेमाल नहीं करे। लेकिन सरकार के इस निर्णय का भारी विरोध हुआ।

खुद सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने ट्वीट कर सरकार की आलोचना की थी और इस निर्णय को गलत बताया था जिसके बाद आज सरकार ने उस निर्णय को वापिस ले लिया है।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने इसको जारी करने वाले अफ़सर के.के. गुप्ता साहब को जमकर फटकारा हैं और गले की फांस बन रहे इस फैसले में संशोधन हो गया है।
चिकित्सा शिक्षा मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने इस बाबत घोषणा की और नए आदेश जारी किये है। हालांकि फ़ोन का इस्तेमाल मरीजों को सरकार के दिशा निर्देशों के साथ ही करना होगा।
अब मोबाइल फोन को सैनेटाइज्ड करके ही अस्पतालों के कोरोना वॉर्ड के अंदर ले जाया जा सकेगा वही इसके इस्तेमाल के भी नियम बनाये गए है।