केरल भाजपा ने सबरीमला मंदिर से जुड़ी हालिया सोने की चोरी और कथित साजिश को लेकर बड़ा अभियान शुरू करने का ऐलान किया है। पार्टी के राज्य महासचिव एम.टी. रमेश ने गुरुवार को बताया कि भाजपा 10 नवंबर से 20 नवंबर तक ‘एक करोड़ हस्ताक्षर अभियान’ चलाएगी। इस अभियान का उद्देश्य प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार से सबरीमला मामले में सीधा हस्तक्षेप करने की मांग करना है। रमेश ने आरोप लगाया कि इस सोने की चोरी के पीछे एक बड़ा षड्यंत्र है, जिसमें सत्तारूढ़ सीपीएम के एकेजी सेंटर की भूमिका संदिग्ध है। उन्होंने कहा कि केरल हाईकोर्ट की हालिया टिप्पणियों से यह स्पष्ट होता है कि यह मामला किसी एक व्यक्ति तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें एक अंतरराष्ट्रीय गिरोह की संलिप्तता की संभावना है।
भाजपा नेता रमेश ने कहा कि यह कोई साधारण चोरी नहीं है, बल्कि इसमें सरकारी अधिकारियों और बड़े नेताओं की मिलीभगत दिख रही है। उन्होंने कहा कि सबरीमला मंदिर में हर साल लाखों श्रद्धालु आते हैं, इसलिए मंदिर की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए केंद्र सरकार को हस्तक्षेप करना चाहिए। भाजपा ने इस मामले की सीबीआई जांच की भी मांग दोहराई है, क्योंकि पार्टी का मानना है कि राज्य सरकार के अधीन काम कर रही एसआईटी निष्पक्ष जांच करने में सक्षम नहीं है।
भाजपा का यह हस्ताक्षर अभियान 10 से 20 नवंबर तक चलेगा, जिसके दौरान कार्यकर्ता घर-घर जाकर लोगों से हस्ताक्षर करवाएंगे, चाहे वे किसी भी राजनीतिक दल से हों। साथ ही, ‘अयप्पा संरक्षण संगम’ नाम से कार्यक्रम 10 से 15 नवंबर तक केरल के 25 स्थानों पर आयोजित किए जाएंगे। रमेश ने कहा कि मंदिरों की देखरेख करने वाले देवस्वम बोर्ड अब भ्रष्टाचार के अड्डे बन गए हैं और इन पर आस्थाहीन लोग काबिज हैं। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि मंदिरों का प्रबंधन भक्तों के हाथों में दिया जाए।
रमेश ने एक अन्य मुद्दे पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर भी तंज कसा और कहा कि भाजपा नेता बी. गोपालकृष्णन के बयान को गलत तरीके से पेश किया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सीपीएम और इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग ने मतदाता सूची में गड़बड़ियां की हैं और कई बूथ बाहरी राज्यों के लोगों से भरे हुए हैं। भाजपा ने इस पर भी सख्त कार्रवाई की मांग की है।