कोरोना वायरस से जहां चीन में भारी तबाही मचा रखी है। वहीं दूसरे देशों में भी कोरोना नाम के खतरनाक वायरस से लोगों की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही। इस खतरनाक वायरस का डर अब उत्तराखंड की सेलाकुई इंडस्ट्रीज फार्मा कंपनियों को भी सताने लगा है।
सेलाकुई इंडस्ट्रीज के प्रेसिडेंट जितेंद्र कुमार ने कोरोना वायरस के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि, फार्मा कंपनियों पर कोरोना वायरस का बड़ा असर देखने को मिल सकता है। भारत की एंटीबायोटिक्स और विटामिन जैसे अवयवों का आयात सीधे तौर चीन पर निर्भर है।
अब फार्मा कंपनियों को कच्चे माल की कमी का डर भी सता रहा है, आंकड़ों को देखा जाए तो करीब नब्बे फीसदी एपीआई सीधे तौर पर चीन से ही आता है, चीन में फैले कोरोना वायरस से हालात में जल सुधार नहीं हुए तो घरेलू दवा उद्योग पर इसका असर पढ़ने वाला है।