उत्तर प्रदेश में कांग्रेस पार्टी ‘किसान संग कांग्रेस’ नारे के साथ किसानों के घर-घर तक पहुंचने की योजना बना रही है। इस योजना के तहत कांग्रेस के 25 हजार वर्करों की फौज मैदान में उतरी है। चालीस दिनों के किसान साधो अभियान के तहत कांग्रेस करीब 55 लाख किसान परिवारों से संपर्क कर उनका समर्थन हासिल करने की कोशिशों में जुटी है।
कांग्रेस का किसान जन जागरण अभियान शुरू हो गया है। इस अभियान के तहत कांग्रेस ब्लॉक स्तर पर मांगपत्र (किसान मांग रहा है) भरवाए जाएंगे। साथ ही ‘किसान की बात’ के नाम से भी फॉर्म भरवाए जाएंगे। यह कार्यक्रम 16 फरवरी तक मांगपत्र चलेगा।
वहीं कांग्रेस 17 से 23 फरवरी तक गांव-गांव जाएगी। हर ब्लॉक पर हर दिन दो-दो नुक्कड़ सभाएं आयोजित की गई है। करीब 12 हजार नुक्कड़ सभाएं हो सकती है। इसके साथ ही कांग्रेस के तमाम नेता करीब तीन करोड़ से ज्यादा लोगों से सीधा संवाद करेंगे। 25 फरवरी को कांग्रेस के विधायक किसानों से मांग पत्र लेंगे।
इसके साथ ही 28 फरवरी को ‘सरकार जगाओ-किसान बचाओ’ के साथ सांसद को ज्ञापन देंगे। तीन मार्च को तहसील दिवस पर किसान बड़ा प्रदर्शन करेंगे। वहीं किसान छह मार्च को डीएम दफ्तर पर जोशीला प्रदर्शन करेंगे। इसके साथ ही उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में किसान आक्रोश मार्च का भी कार्यक्रम आयोजित किया गया है।