रिपोर्ट- पल्लवी त्रिपाठी
मध्य प्रदेश : कोरोना मामलों में लगातार इजाफा देखने को मिल रहा है । इस बीच 10वीं और 12वीं के बोर्ड एक्जाम प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ है । कोरोना के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए प्रशासन बोर्ड एग्जाम को स्थगित करने की तैयारी कर रहा है ।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बोर्ड एग्जाम के विषय पर शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ और शिक्षा मंत्रालय के अन्य अधिकारियों के साथ बैठक कर रहे थे । बैठक में सीबीएसई बोर्ड 12वीं की परीक्षाओं को जून तक के लिए टालने का फैसला किया गया है । बताया जा रहा है कि छात्रों को परीक्षा से पहले तैयारी के लिए 15 दिन का वक्त दिया जाएगा । वहीं, सीबीएसई बोर्ड 10वीं की परीक्षाओं को रद्द कर दिया गया है । उनके इवैल्युएशन के तरीके पर विचार किया जाएगा ।
इससे पहले मध्य प्रदेश प्रशासन ने भी बुधवार को दसवीं और बारहवीं की बोर्ड परीक्षाओं को टालने का फैसला लिया है । एमपी स्कूल शिक्षा विभाग ने इस संबंध में आदेश जारी करते हुए कहा कि बोर्ड परीक्षाओं को 1 महीने के लिए टाल दिया गया है ।
बता दें कि देश की राजधानी दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी हाल ही में अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस में परीक्षाएं रद्द करने की मांग की थी । उनका कहना था कि अगर सीबीएसई परीक्षाएं होती हैं तो एग्जाम सेंटर कोरोना हॉटस्पॉट बन सकता है । जिसके चलते बोर्ड एग्जाम को रद्द कर देना चाहिए । और बच्चों को पास करने के लिए कोई और तरकीब अपनाएं ।
आपको बताते चलें कि कोरोना काल के बीच बच्चों की अधिकतर पढ़ाई ऑनलाइन माध्यम से ही हुई । हालांकि, बीच में कोरोना के मामले घटने पर स्कूल खोले गए थे । लेकिन कोरोना की दूसरी लहर को देखते हुए स्कूल दोबारा बंद कर दिए गए । कोरोना के बढ़ते केस के बीच बोर्ड एग्जाम सिर पर है । ऐसे में केंद्र पर CBSE की परीक्षाएं टालने का दबाव बनाया जा रहा है ।