मैहरः सिविल अस्पताल से एक बेहद दर्दनाक और चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां इलाज में कथित लापरवाही के चलते एक नवजात की मौत हो गई। पीड़ित परिवार ने अस्पताल के डॉक्टर और आशा कार्यकर्ता पर गंभीर आरोप लगाए हैं—जिनमें अवैध वसूली, अभद्र व्यवहार और समय पर इलाज न देने जैसी बातें शामिल हैं। पूरे मामले में पुलिस को लिखित शिकायत दी गई है और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग उठ रही है।

मामला मैहर के वार्ड नंबर 04, पटेहरा का है, जहां निवासी सागर साकेत अपनी गर्भवती पत्नी को प्रसव के लिए सिविल अस्पताल लेकर पहुंचे थे। आरोप है कि अस्पताल में मौजूद डॉक्टर ने समय पर इलाज शुरू नहीं किया और मरीज को गंभीर हालत में छोड़कर निजी क्लीनिक चले गए। पीड़ित का कहना है कि आशा कार्यकर्ता ने डॉक्टर से मिलकर ऑपरेशन के नाम पर हजारों रुपये की मांग की। पैसे न देने पर महिला के ईलाज में लापरवाही की गई।

स्थिति बिगड़ने पर मरीज को सतना रेफर किया गया, जहां जिला अस्पताल में डॉक्टरों ने नवजात को मृत घोषित कर दिया। बताया जा रहा है कि बच्चे की मौत रेफर किए जाने से पहले ही हो चुकी थी। फिलहाल महिला का इलाज जारी है और उसकी हालत नाजुक बताई जा रही है। पीड़ित परिवार ने थाने में शिकायत दर्ज कराते हुए डॉक्टर और आशा कार्यकर्ता के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। वहीं, मामले में जांच के बाद लापरवाही और अवैध वसूली के तहत कार्रवाई हो सकती है।
मैहर से संवाददाता प्रशांत शुक्ला की रिपोर्ट