{ फर्रुखाबाद से संवाददाता सुमित गुप्ता की रिपोर्ट }
मोहम्मदाबाद कोतवाली क्षेत्र के बरेली-इटावा हाईवे स्थित गांव करथिया में 26 बच्चों को बंधक बनाने वाले व्यक्ति को पुलिस ने मुठभेड़ में मार गिरा दिया है और बेसमेंट में रखे गए सभी बच्चे सकुशल रात एक बजे निकाल लिए गए।
डीजीपी ओपी सिंह ने बताया कि कानपुर आइजी मोहित अग्रवाल की अगुवाई वाली पुलिस टीम पर उसने हमला बोला और उसे मार गिराया। मौसा की हत्या में निचली अदालत से उम्रकैद की सजा भी उसे मिल चुकी थी।
2 बजे: सुभाष बाथम ने बेटी के जन्मदिन पर बच्चों को घर बुलाया।
4 बजे: बाथम के घर पर आयोजित बर्थडे पार्टी में बच्चे पहुंचे।
5 बजे: सुभाष ने छत पर पहुंचकर बताया कि उसने बच्चों को बंधक बना लिया है।
5:30 बजे: गांव वालों ने एक व्यक्ति को सुभाष से बात करने भेजा, बदमाश ने उसके पैर में गोली मार दी। इसी बीच पुलिस को सूचना दी गई, 30मिनट बाद पुलिस पहुंची।
6 बजे: पुलिस ने सुभाष से बातचीत शुरू की, इस बीच आरोपी ने फायरिंग की, जिसमें 2 पुलिसकर्मी घायल हुए।

6:15 बजे: आरोपी ने घर के अंदर से हथगोला (लो रेडिएंट बम) फेंका।
6:30 बजे: डीएम-एससपी मौके पर पहुंचे। आरोपी ने स्थानीय विधायक को बुलाने की मांग की। इसी बीच आरोपी ने दोबारा फायर किया।
7:00 बजे: उच्च अधिकारियों को हालात की जानकारी दी गई। आरोपी के पास हथियार होने के चलते खतरे का अंदेशा भी जताया गया।
7:30 बजे: डीजीपी ने एटीएस टीम को मौके पर पहुंचने का आदेश दिया। एनएसजी से भी संपर्क किया गया।
9:10 बजे: सीएम योगी ने तमाम आला अधिकारियों की बैठक बुलाई।
9:20 बजे: एटीएस की टीम मौके पर पहुंची, घर को घेरा गया।
9:30 बजे: एटीएस की टीम ने रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया।
10:00 बजे: ड्रोन के जरिए घर के अंदर की तस्वीरें ली गईं।
आपको बताते चले कि शातिर अपराधी से निपटने के लिए आतंकवाद निरोधक दस्ता (एटीएस) के कमांडो फर्रुखाबाद रवाना किए गए थे, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने डीजीपी समेत अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को तलब कर बच्चों को सकुशल मुक्त कराने व सिरफिरे को गिरफ्तार कर कठोर कार्रवाई के निर्देश दिए थे।