पुलिस ने जब संदिग्धों से कड़ाई से पूछताछ की और कॉल डिटेल्स खंगाली, तो पता चला कि दिलीप आखिरी बार अजीत और कैलाश के साथ देखा गया था। आरोपियों ने सख्ती बरतने पर अपना जुर्म कबूल कर लिया।
पुलिस ने जब संदिग्धों से कड़ाई से पूछताछ की और कॉल डिटेल्स खंगाली, तो पता चला कि दिलीप आखिरी बार अजीत और कैलाश के साथ देखा गया था। आरोपियों ने सख्ती बरतने पर अपना जुर्म कबूल कर लिया।
प्रकरण में पुलिस थाना चिमनगंजमंडी द्वारा मामला दर्ज कर विस्तृत जांच के बाद आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। अभियोजन की ओर से विशेष लोक अभियोजक ईश्वर सिंह केलकर ने प्रभावी पैरवी करते हुए साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों को दोषी सिद्ध कराया।
घटना के विरोध में बाजार बंद रहे और लोगों ने प्रदर्शन किया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।