जबलपुरः कुंडम थाना क्षेत्र में एक युवक की बेरहमी से हत्या कर शव को नदी में ठिकाने लगाने का मामला सामने आया है। मृतक दिलीप पटेल उर्फ मिंटू, जो परियट स्थित एक डेयरी में काम करता था, 29 मार्च को अपनी महिला मित्र अनीता बाई के साथ उसके गांव गया था। वहां अनीता के रिश्तेदारों, अजीत धुर्वे और कैलाश सिंह परस्ते से दिलीप का विवाद हो गया। विवाद इतना बढ़ा कि दोनों आरोपियों ने मिलकर दिलीप का सिर कुचलकर उसे मौत के घाट उतार दिया। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी शव को बाइक पर लादकर 20 किलोमीटर दूर महानदी के महुआई घाट ले गए और लाश को पत्थर व लकड़ियों से दबाकर नदी में फेंक दिया।
वहीं दिलीप के कई दिनों तक लापता रहने पर डेयरी संचालक और परिजनों को संदेह हुआ, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने जब संदिग्धों से कड़ाई से पूछताछ की और कॉल डिटेल्स खंगाली, तो पता चला कि दिलीप आखिरी बार अजीत और कैलाश के साथ देखा गया था।
3 दिन पहले जब महानदी में एक अज्ञात शव मिला, तो उसकी शिनाख्त दिलीप के रूप में हुई। शुरुआत में पुलिस को गुमराह करने वाले आरोपियों ने सख्ती बरतने पर अपना जुर्म कबूल कर लिया है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। बताया जा रहा है कि अनिता और दिलीप के बीच अवैध संबंध थे जिसकी जानकारी अजित और कैलाश को लगी। इसके बाद दोनों ने दिलीप की बेहरहमी से हत्या कर दी।
जबलपुर से संवाददाता दिनेश चौधरी की रिपोर्ट