अमेरिका और बाकी बड़े देशों की कड़ी आपत्ति के बाद भी चीन ने आख़िरकार हांगकांग में सुरक्षा कानून लागू कर दिया है। इस कानून के बाद अब वहां के नियम कायदे सदा के लोए बदल जायेगे।
हांगकांग सरकार अब सिर्फ कठपुतली है चीन का सुप्रीम नियंत्रण अब इस देश पर होगा। राष्ट्रीय सुरक्षा कानून से जुड़े स्टाफ हांगकांग सरकार के नियंत्रण में नहीं रहेंगे।
इतना ही नहीं, यदि हांगकांग में प्रदर्शनकारी सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाते हैं तो उन्हें आतंकवादी मानकर जेल में ठूस दिया जाएगा।
बीजिंग, हांगकांग में एक नए कार्यालय की स्थापना करेगा जिसमें सुरक्षा एजेंसी के लोग काम करेंगे। हांगकांग सरकार को कोई हस्तक्षेप यहां नहीं होगा। सिर्फ चीन की चलेगी।
दूसरी और अमेरिका ने साफ़ कर दिया है कि वो अब चुप नहीं बैठने वाला है। अमेरिका ने साफ़ कहा है कि मनमाना कानून लागू कर वो चीन को किसी को कैद नहीं करने देगा।
अमेरिका के विदेश मंत्रालय ने एक बयान जारी कर कहा है कि हांगकांग की स्वायत्तता और आजादी खतरे में है। बता दे, अमेरिका के अलावा ऑस्ट्रेलिया और ब्रिटेन जैसे देशों ने कानून का विरोध किया है।