अगर आपके विटामिन D और B12 नॉर्मल हैं, हड्डियों की कोई बीमारी नहीं है, फिर भी मसल पेन बना रहता है-तो इसके पीछे कुछ आम लेकिन नजरअंदाज किए जाने वाले कारण हो सकते हैं।
आजकल घंटों एक ही पोज़िशन में बैठकर काम करना आम है। गलत पोस्चर, लैपटॉप/मोबाइल पर झुकी हुई गर्दन और पीठ पर लगातार दबाव-ये सब मसल्स को ओवरलोड करते हैं। नतीजा ये होता है कि विटामिन और कैल्शियम नॉर्मल होने के बावजूद मसल्स में खिंचाव और दर्द बना रहता है।
मानसिक तनाव सीधे-सीधे नहीं, लेकिन हार्मोन बैलेंस बिगाड़कर मसल्स को लगातार टाइट रख सकता है।
तनाव + कम नींद = मसल्स को रिपेयर होने का समय नहीं मिलता
इससे दर्द लंबे समय तक बना रह सकता है
भले ही विटामिन या प्रोटीन की कमी न हो, पानी कम पीने से भी मसल पेन हो सकता है।
पानी कम → इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन
गर्मी/पसीना ज्यादा → समस्या और बढ़ती है
एथलीट्स में भी यह कारण आम है
पोस्चर सही रखें; हर 45-60 मिनट में ब्रेक लें
रोज़ हल्की स्ट्रेचिंग (गर्दन, कंधे, पीठ)
दिन में 7-8 गिलास पानी (गर्मी/एक्सरसाइज़ में ज्यादा)
7-8 घंटे की नींद जरूर लें
इन बदलावों के बाद भी दर्द बना रहे, तो आर्थोपेडिक विशेषज्ञ से सलाह लेकर फिजियोथेरेपी/एर्गोनॉमिक सुधार पर विचार करें। मसल पेन हमेशा विटामिन या हड्डियों की बीमारी से नहीं होता-पोस्चर, तनाव, नींद और हाइड्रेशन उतने ही अहम हैं।
Note: यह पोस्ट समान्य जानकारी के आधार पर लिखी गई है। किसी भी प्रकार की जीवनशैली अपनाने से पहले अपने डॉक्टर से संपर्क करें।