नई दिल्ली : मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के भोपाल में सोमवार देर रात कमला नेहरू अस्पताल की बिल्डिंग की तीसरी मंजिल पर भीषण आग लग गई। इसमें 4 नवजात बच्चों की मौत हो गई। वहीं 3 की मौत दम घुटने से हो गई। आपको बता दें कि यह आग अस्पताल के पीडियाट्रिक विभाग में लगी थी।

खबरों के मुताबिक देर रात साढ़े 12 बजे फायर ब्रिगेड और पुलिस की टीम ने तीन घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। ये बिल्डिंग हमीदिया अस्पताल कैंपस में है। घटना सोमवार रात करीब 9 बजे की है। जानकारी के मुताबिक, जिस चिल्ड्रन वार्ड में आग लगी है, उसे नई बिल्डिंग में शिफ्ट किया जाना था, उससे पहले ही ये हादसा हो गया। कई लोगों को स्ट्रेचर से बाहर निकालकर दूसरे अस्पताल में शिफ्ट किया। बच्चों को ढूंढने के लिए अफरा-तफरी मची देखी गई है।
भोपाल के कमला नेहरू अस्पताल के चाइल्ड वार्ड में आग की घटना दुखद है। बचाव कार्य तेजी से हुआ। घटना की उच्चस्तरीय जांच के निर्देश दिए हैं। जांच एसीएस लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मोहम्मद सुलेमान करेंगे।
— Shivraj Singh Chouhan (@ChouhanShivraj) November 8, 2021
चिकित्सा मंत्री विश्वास सारंग ने बताया कि वार्ड में 40 बच्चे थे, जिनमें 36 को सुरक्षित निकाल लिया गया है। 4 बच्चों को नहीं बचाया जा सका। परिजन को 4-4 लाख रुपए की आर्थिक सहायता दी जाएगी। इससे पहले मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने 3 बच्चों की मौत की जानकारी दी थी। उन्होंने घटना पर दुख जताते हुए मामले की जांच के आदेश दिए हैं।
बच्चों का असमय दुनिया से जाना बेहद असहनीय पीड़ा है। ईश्वर से दिवंगत आत्माओं की शांति की प्रार्थना करता हूं। इन बच्चों के परिजनों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं। घटना में जो घायल हुए हैं, उन्हें शीघ्र स्वास्थ्य लाभ हो, यही मेरी कामना है।
।। ॐ शांति ।।
— Shivraj Singh Chouhan (@ChouhanShivraj) November 8, 2021
मुख्यमंत्री ने एसीएस को जांच सौंपी
घटना पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने दुख जताया और कहा कि दुर्भाग्यवश पहले से गंभीर रूप से बीमार होने पर भर्ती तीन बच्चों को नहीं बचाया जा सका। घटना की जांच के निर्देश दिए गए हैं। ये जांच एडिशनल चीफ सेक्रेटरी लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मोहम्मद सुलेमान करेंगे। घटना पर मेरी लगातार नजर है।
दुखद सूचना प्राप्त हुई है कि एक और बच्चे को नहीं बचाया जा सका। यह हृदय विदारक है, मन दुखी है। पीड़ित परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं। दुःख की इस घड़ी में पूरा प्रदेश उनके साथ है।
— Shivraj Singh Chouhan (@ChouhanShivraj) November 8, 2021
हादसे का कारण अब तक स्पष्ट नहीं
हादसे का कारण अब तक स्पष्ट नहीं हो सका है। चर्चा है कि सिलेंडर या वेंटिलेटर में ब्लास्ट होने से आग भड़की। वहीं, शॉर्ट सर्किट की आशंका से भी इनकार नहीं किया जा रहा। मुख्यमंत्री मामले में रिपोर्ट मांगी है। इसके साथ ही अस्पताल प्रबंधन को बच्चों की सुरक्षा और इलाज के निर्देश दिए हैं।
महीनेभर पहले भी लगी थी आग
हमीदिया अस्पताल परिसर में 7 अक्टूबर को भी नई बिल्डिंग में ठेकेदार के स्टोर रूम में आग लग गई थी। फायर ब्रिगेड की 5 गाड़ियों ने एक घंटे में आग पर काबू पाया था। हालांकि, घटना में ज्यादा नुकसान नहीं हो पाया था।