कोरोना के अधिकतर मामले ऐसे देखे गए है जिनमे मरीज में कोरोना के लक्षण नहीं होते लेकिन उसके बाद भी उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आती है।
अगर आकंड़ो की माने तो भारत जैसे देश में ये तादात बेहद अधिक है। इस देश में सत्तर फीसदी से भी मामले ऐसे थे जिनमे मरीजों में लक्षण नहीं मिले और उसके बाद 14 दिन के अंदर वो ठीक भी हो गए।
लेकिन इन सबके बीच यह सवाल उठना लाजमी है की क्या एक ऐसा मरीज जिसमे लक्षण नहीं थे, वो दूसरों को बीमार कर सकता है ?
अब इसके ऊपर विश्व स्वास्थ्य संगठन (डबल्यूएचओ) का कहना है कि ऐसा होने की संभावना न्यून है। रिपोर्ट में कहा गया है कि अगर कोरोना के लक्षण नहीं होने के बाद भी अगर कोई पॉजिटिव आता है तो उसका इलाज़ जरुरी है।
आगे कहा गया है कि ऐसा बहुत कम देखा गया है कि बिना लक्षण वाले कोरोना मरीज ने किसी दूसरे को संक्रमित कर दिया हो। ऐसा नहीं होता है।
वैसे देखा जाए तो यह रिपोर्ट भारत जैसे देश के लिए राहत भरी है क्यूंकि यहां अधिकतर केस बिना लक्षण वाले ही है।