न्यूयॉर्क: पंजाब नेशनल बैंक घोटाला मामले में आरोपित भगोड़े हीरा कारोबारी नीरव मोदी (Nirav Modi) का भाई नेहल मोदी (Nehal Modi) धोखाधड़ी के आरोप में फंस गया है। उस पर अमेरिका स्थित एक हीरा कंपनी से धोखाधड़ी करके 2.6 लाख डॉलर (19 करोड़ रुपये से अधिक) से अधिक कीमत के हीरा लेने का आरोप है।
41 वर्षीय नेहल पर न्यूयॉर्क सुप्रीम कोर्ट में फर्स्ट डिग्री में बड़ी चोरी का आरोप लगाया गया है। हीरा कंपनी की तरफ से पेश मैनहट्टन डिस्टि्रक्ट के अटॉर्नी वेंश जूनियर ने कहा कि हीरे हमेशा के लिए होते हैं, लेकिन ठगी की यह योजना हमेशा नहीं रहेगी। नेहल मोदी को न्यूयॉर्क के सुप्रीम कोर्ट में मुकदमे का सामना करना पड़ेगा।
डिस्टिक्ट अटॉर्नी ने कहा, ‘नेहल मोदी ने वर्ष 2015 में एलएलडी डायमंड्स, यूएसए से संपर्क किया था और दूसरी कंपनी के सामने प्रजेंटेशन दिखाने के लिए 2.6 लाख डॉलर मूल्य के हीरे लिए।’ अभियोजन पक्ष ने कहा कि मार्च 2015 में मोदी ने पहली बार कंपनी से स्वयं को लगभग आठ लाख डॉलर मूल्य के हीरे देने के लिए कहा और दावा किया कि वह उन्हें कॉस्टको होलसेल कॉरपोरेशन नाम की कंपनी को बेचने के लिए दिखाएगा।
कॉस्टको एक चेन है जो अपने सदस्यों के रूप में जुड़ने वाले ग्राहकों को कम कीमत पर हीरे बेचती है। कुछ दिनों बाद मोदी ने दावा किया कि कॉस्टको हीरे खरीदने के लिए सहमत हो गई है। इस पर एलएलडी ने 90 दिनों की क्रेडिट पर उसे हीरा खरीदने की अनुमति दे दी। इसके बाद कॉस्टको ने उन हीरों को मध्यम अवधि के लोन पर किसी अन्य कंपनी को दे दिया।
इस दौरान एलएलडी को कुछ भुगतान किया गया, लेकिन वह हीरों की रकम से बहुत कम था। बाद में जब तक एलएलडी को पूरी धोखाधड़ी को पता चला, तब तक मोदी सभी हीरों को बेचकर उसका पैसा खर्च कर चुका था। इसके बाद एलएलडी ने मैनहट्टन के अभियोजक दफ्तर में शिकायत दर्ज कराई।