जम्मू- कश्मीर के कुलगाम में आतंकियों के साथ 13 जनवरी को डीएसपी देविंदर सिंह की गिरफ्तारी हुई थी। जिसके बाद राज्य पुलिस ने देविंदर सिंह को बर्खास्त करने की सिफारिश की है। देविंदर सिंह के खिलाफ दर्ज सारे मामले अब एनआईए को सौंप दी गई है। इसके अलावा ये भी पता लगाया जा रहा है कि देविंदर कितने दिनों से आतंकियों के संपर्क में थे।
पूछताछ में इस बात का खुलासा हुआ है कि देविंदर पिछले काफी दिनों से आतंकियों के सपर्क में था और वह साल 2018 में भी इन आतंकियों को लेकर जम्मू गया था। इतना ही नहीं वह आतंकियों को अपने घर मे भी पनाह देता था। जम्मू-कश्मीर पुलिस फिलहाल देविंदर सिंह और उसके साथ पकड़े गए आतंकी नवीद से पूछताछ कर रही है।
अधिकारियों की मानें तो डीएसपी आतंकियों को घाटी से बाहर निकालने में मदद कर रहा था। डीएसपी के घर हुई छापेमारी में 5 ग्रेनेड और 3 एके-47 बरामद हुई है। डीएसपी को आतंकियों के साथ गिरफ्तार करने की मुहिम का दक्षिणी कश्मीर के डीआईजी अतुल गोयल ने नेतृत्व किया था और कुलगाम के पास आतंकियों की कार को रुकवाया था।