सुप्रीम कोर्ट ने कोरोना वायरस के मरीजों के लिए समुचित इलाज और इस महामारी से मरने वाले लोगों के शवों को लेकर स्वतः संज्ञान लिया है। उच्चतम न्यायालय ने कहा कि सभी राज्यों को कोविड-19 के मरीजों के लिए उचित देखभाल सुनिश्चित करने के लिए अस्पतालों के निरीक्षण को लेकर विशेषज्ञों की समिति गठित करनी चाहिए।
सुप्रीम कोर्ट का कहना है कि विशेषज्ञों की एक टीम को अस्पतालों का दौरा करना चाहिए और सुधारात्मक कार्रवाई होनी चाहिए। इसके अलावा न्यायालय ने कहा कि रोगी की देखभाल और शवों को संभालने में हो रही खामिलयों को दूर किया जाना चाहिए।
सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि कोरोना वायरस के परीक्षणों के लिए उचित दर तय की जानी चाहिए। देशभर में इस संबंध में एक ही तय दर होनी होनी चाहिए। इसके साथ ही कोर्ट ने सभी अस्पतालों के वार्डों में मरीजों की देखभाल के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएं। इसके लिए सुप्रीम कोर्ट आदेश भी पारित कर सकता है।