रिपोर्ट- पल्लवी त्रिपाठी
उत्तर प्रदेश : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मुश्किल में पड़ते नज़र आ रहे हैं । दरअसल, सीएम योगी एक ट्वीट कर फंस गए है । जिसको लेकर विपक्ष मुख्यमंत्री को आड़े हाथों लेते हुए खूब तंज कस रहा है । वहीं, ट्वीटर हैंडल से ट्वीट को हटा दिया गया ।
बता दें कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यालय के आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर एक वीडियो शेयर करते हुए पोस्ट किया गया । जिसमें लिखा है- ‘सरकारी नौकरी हेतु आयोजित परीक्षाओं के समयबद्ध परिणामों एवं पारदर्शी चयन प्रक्रिया के लिए मुख्यमंत्री श्री @myyogiadityanath जी महाराज को धन्यवाद ज्ञापित करते हुए श्री दुर्गेश चौधरी जी। श्री दुर्गेश चौधरी जी की नियुक्ति राजस्व लेखपाल पद पर पूर्ण पारदर्शिता के साथ हुई है।’
वीडियो में दुर्गेश चौधरी बता रहे हैं कि सरकार के द्वारा राजस्व लेखपाल की भर्ती आई, जिसमें हमने लिखित परीक्षा दी और फिर मेरा नाम इंटरव्यू में आ गया । इंटरव्यू के बाद फाइनल रिजल्ट आया जिसके परिणाम में मैं राज्य से लेखपाल पद के लिए चयनित हो गया । साथ ही दुर्गेश ने कहा कि इस दरमियान लिखित परीक्षा से लेकर इंटरव्यू तक पूरी निष्पक्षता के साथ सेलेक्शन किया गया था । इसके बाद दुर्गेश ने अपने कार्यकाल का अनुभव साझा करते हुए सरकारी योजनाओं को कल्याणकारी बताने के साथ उत्तर प्रदेश राज्य के मुख्यमंत्री का धन्यवाद दिया।
हेल्लो मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी,
आपके झूठ का व्यापार कैसा चल रहा है?
वीडियो क्यों हटा दिया आपने? pic.twitter.com/lHPbGEt0QZ
— UP Congress (@INCUttarPradesh) March 11, 2021
सोशल मीडिया पर ये पोस्ट शेयर करते ही हंगामा मच गया । वहीं, विपक्ष ने मामले पर सरकार को घेरना शुरू कर दिया । कांग्रेस ने एक वीडियो साझा करते हुए लिखा – हेल्लो मुख्यमंत्री योगी जी ।आपके झूठ का व्यापार कैसा चल रहा है। विडियो क्यों हटा दिया आपने। पोस्ट के साथ शेयर किए गए वीडियो में दुर्गेश चौधरी नज़र आ रहे हैं।
साथ ही कांग्रेस ने एक और ट्वीट करते हुए लिखा – झूठ पकड़ा गया तो ट्वीट डिलिट कर दिया गया । जैसे ट्वीट डिलिट हुआ ,वैसे ही झूठ की बुनियाद पर टिकी सरकार भी डिलिट होगी । बता दें कि जब इस मामले पर हंगामा शुरू हुआ तो योगी आदित्यनाथ के कार्यालय के ट्वीटर हैंडल से ट्वीट डिलिट कर दिया गया ।
भाजपा में ऊपर से लेकर नीचे तक झूठ बोलने वालों का जमावड़ा है। अब आदित्यनाथ जी को ही देख लीजिये एक नौजवान का फ़र्ज़ी विडीओ डाल दिया नौकरी देने का धन्यवाद भी ले लिया चारों तरफ थू-थू हुई तो विडीओ Delete करना पड़ा।
क्या BJP को अब अपना नाम बदलकर “भारतीय झूठ्ठा पार्टी” रख लेना चाहिये? pic.twitter.com/j9K6ZMWbNl— Sanjay Singh AAP (@SanjayAzadSln) March 11, 2021
इसके अलावा आम आदमी पार्टी के नेता संजय सिंह ने भी हमला बोलते हुए कहा कि ‘बीजेपी में ऊपर से लेकर नीचे तक झूठ बोलने वालों का जमावड़ा है। अब आदित्यनाथ जी को ही देख लीजिये एक नौजवान का फ़र्ज़ी वीडियो डाल दिया नौकरी देने का धन्यवाद भी ले लिया चारों तरफ थू-थू हुई तो वीडियो डिलीट करना पड़ा’। संजय ने आगे लिखा ‘क्या BJP को अब अपना नाम बदलकर ‘भारतीय झूठ्ठा पार्टी’ रख लेना चाहिये’।
लेखपाल जी नौकरी पाते ही नेपाल भ्रमण पर निकल गए। pic.twitter.com/tt6iz9koDX
— Abhay Pandey (@abhaypandey04) March 11, 2021
आपको बताते चलें कि इस वीडियो को लेकर लोगों के मन में सवाल है कि जब लेखपाल के लिए भर्ती आखिरी बार 2015 में निकली थी तो यह भर्ती प्रक्रिया कब हुई और लेखपाल का चयन कब हुआ। बताया जा रहा है कि इस वीडियो पर हंगामा होने के बाद दुर्गेश चौधरी नेपाल चले गए है । साथ ही वो मीडिया के भी सवालों का जवाब नहीं दे रहे हैं ।