सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में बयानबाजी का दौर अब विधानसभा तक जा पहुंचा है। दरअसल, महाराष्ट्र विधानसभा और विधानपरिषद में शिवसेना द्वारा रिपब्लिक टीवी के मैनेजिंग डायरेक्टर और एडिटर-इन-चीफ अर्नब गोस्वामी के खिलाफ कार्रवाही के लिए शिवसेना के विधायक प्रताप सरनाइक ने अर्नब गोस्वामी के ख़िलाफ़ आज विधानसभा में प्रस्ताव रखा।
ये प्रस्ताव रखने के बाद विधानसभा में थोड़ी देर हंगामा हुआ और आधे घंटे के लिए विधानसभा की कार्रवाही रोकनी पड़ी। अंततः विधानसभा ने यह प्रस्ताव स्वीकार कर लिया है। ऐसे में अर्नब गोस्वामी के ख़िलाफ़ सदन जल्द ही कार्रवाई शुरू कर सकता है।
प्रताप सरनाइक ने अर्नब गोस्वामी के ख़िलाफ़ सख़्त से सख़्त कार्रवाई की मांग करते हुए कहा, मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे और राष्ट्रवादी कांग्रेस के प्रमुख शरद पवार के ख़िलाफ़ अर्नब गोस्वामी ने जिस भाषा का प्रयोग किया है, उसकी मैं निंदा करता हूं। अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के नाम पर उद्धव ठाकरे और शरद पवार, दोनों की प्रतिष्ठा को धूमिल करने का प्रयास हुआ है।
उन्होंने कहा कि अगर किसी ने प्रधानमंत्री के ख़िलाफ़ गैर-ज़िम्मेदार भाषा का इस्तेमाल किया तो उस पर कार्रवाई होती है तो फिर मुख्यमंत्री के ख़िलाफ़ गैर-ज़िम्मेदारी भरे बयान पर कार्रवाई क्यों नहीं होनी चाहिए?