भोपालः मध्यप्रदेश की राजनीति क्या सब कुछ ठीकठाक चल रहा है? यह सवाल इसलिए क्योंकि केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के बीच कुछ तो गड़बड़ चल रहा है। मध्यप्रदेश के भाजपा नेता जाने अनजाने अपनी पार्टी में चल रही इस तरह की कड़वाहट को सार्वजनिक करने में जुटे हैं।
शमशाबाद से भाजपा विधायक सूर्यप्रकाश मीणा अपनी सरकार के खिलाफ बोल रहे हैं। उन्होंन कहा कि गेहूं खरीदी समय से नहीं चल रही है। किसान परेशान है और एक सप्ताह में हालात नहीं सुधरे तो किसान सड़कों पर आने के लिए तैयार रहें हम किसानों के साथ हैं। भाजपा विधायक ने कहा कि जो व्यवस्था अभी चल रही है वह चिंतनीय है। हर वर्ष 20 अप्रैल तक तुलाई पूरी हो जाती थी लेकिन इस बार यह प्रारंभिक अवस्था में है।
विधायक यह आरोप अपनी ही सरकार पर लगाकर किसानों को खुद की सरकार का विरोध करने का आह्वान कर रहे हैं, एक सप्ताह में तो हालत सुधरने से रहे तो देखते हैं विधायक जी खुद कब सड़कों पर उतरेंगे? आप अपनी ही सरकार में किसान का गेहूं नहीं तुलवा पा रहे तो विधायकी से इस्तीफा देकर घर क्यों नहीं बैठ जाते?
परंतु यह पीड़ा किसानों के लिए है या फिर शिवराज जी और मोहन यादव जी के बीच तनातनी का जीता जागता उदाहरण है। जहां शिवराज के करीबी विधायक मोहन यादव को चेतावनी देते नजर आ रहे हैं। बहरहाल किसान परेशान है अब तो खुद भाजपा विधायक खुलकर अपनी सरकार को कोसने लगे हैं।